राजधानी भोपाल के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल हमीदिया में मरीज को परिजनों और स्टाफ के बीच मारपीट का मामला सामने आया है। मामले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। घटना गुरुवार रात 10 बजे की बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि गुरुवार को एक युवक मरीज को लेकर अस्पताल पहुंचा था। इसी दौरान उसका किसी बात को लेकर स्टाफ के कर्मचारी से विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि स्टाफ के कर्मचारियों और युवक के बीच मारपीट हो गई। युवक के साथ मौजूद लोगों ने बीच बचाव की कोशिश भी की। वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
भर्ती दूसरे मरीजों को भी हुई परेशानी
इससे पहले भी कई बार अस्पताल के स्टाफ और कर्मचारियों द्वारा मरीजों के परिजनों के साथ मारपीट की घटना की जा चुकी है। शिकायत के बाद भी अस्पताल प्रबंधन ठोस कदम नहीं उठा रहा है। राजधानी के प्रमुख अस्पताल हमीदिया में मरीजों के साथ हुई मारपीट को लेकर कई सवाल भी खड़े हो गए हैं। बताया जा रहा है कि रात दस बजे हुए विवाद के चलते अस्पताल में भर्ती दूसरे मरीजों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
यह भी पढ़ें-अब देर रात तक नहीं खुलेगा भोपाल का थोक दवा मार्केट, साढ़े आठ बजे तक बंद होंगी दुकानें, 2 जून से लागू
मारपीट पहले स्टाफ के शुरू की
मामले में परिजनों का आरोप है कि जूनियर डॉक्टरों ने अटेंडर को बुरी तरह से पीटा है। किसी नियम को पालन कराने का यह उचित तरीका नहीं है। व्यक्ति नशे में था लेकिन मारपीट पहले स्टाफ के द्वारा शुरू की गई थी। जहां तक बात है गेट पास की तो यह नियम हर व्यक्ति पर लागू होना चाहिए। अस्पताल के गार्ड बुरी तरह से बात करते हैं। अस्पताल में आने वाला हर व्यक्ति पहले से परेशान होता है। ऐसे में इस तरह का व्यवहार व्यक्ति को ट्रिगर कर देता है। जिससे ऐसे विवाद होते हैं।
नशे में था अटेंडर, रोकने पर शुरू कर दिया हंगामा
हमीदिया अस्पताल के सिक्योरिटी इंचार्ज जयंत भारद्वाज ने कहा कि अटेंडर नशे में था। रोके जाने पर उसने हंगामा शुरू कर दिया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा अधिकारी और अन्य कर्मचारी मौके पर पहुंचे। अटेंडर ने नशे की हालत में गाली-गलौज शुरू कर दी। जब सुरक्षा अधिकारी ने उसे अभद्र भाषा का प्रयोग करने से रोका, तो उसने सुरक्षा अधिकारी का कॉलर पकड़कर धक्का दिया। इस दौरान वहां मौजूद डॉक्टरों को भी गाली देने लगा। सुरक्षा टीम ने तुरंत हस्तक्षेप किया और अतिरिक्त भीड़ को गेट से हटाया। पुलिस चौकी को सूचित किया गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित किया और उस व्यक्ति को सीएमओ डॉ. वीरेंद्र सिंह के पास ले जाया गया। बाद में पुलिस व्यक्ति को अपने साथ ले गई।
यह भी पढ़ें-सीएम यादव ने ‘अहिल्या वाहिनी’ बाइक रैली और ‘माँ तुझे प्रणाम’ यात्रा को दिखाई हरी झंडी, यह बोले
वीडियो की कर रहे हैं जांच
अस्पताल प्रबंधन के अधिकारियों का कहना है कि वीडियो की जांच कराई जा रही है। वहीं लोगों का कहना है कि अस्पताल मे बदहाली का आलम हैं। पार्किंग से लेकर अंदर तक तानाशाही चल रही है। मारपीट किन कारणों से हुई इस बात की जानकारी सामने आना चाहिए।