हज वेटिंग क्लियर, 175 को और मौका, प्रदेश का कोटा पहुंचा 6900 पार
माह-ए-रमजान की इबादत और दुआओं ने असर दिखाया है। हज के उन चाहतमंदों के लिए इस महीने के आखिरी दौर में खुशी की खबर आई है, जो हज यात्रा पर जाने वालों की प्रतीक्षा सूची में शामिल हैं। हज कमेटी ऑफ इंडिया से जारी हुए अतिरिक्त कोटे से प्रदेश के हिस्से में करीब 175 सीटें और आई हैं। इससे प्रदेश के करीब 2397 वेटिंग लिस्ट में शामिल लोगों को राहत मिली है।
हज कमेटी ऑफ इंडिया ने जारी सूचना में इस बात की पुष्टि करते हुए प्रतीक्षा सूची क्रमांक 599 से 733 तक के आवेदकों को हज यात्रा पर जाने की अनुमति दे दी है। अब इन आवेदकों को हज खर्च की दो किश्तें एक साथ जमा कराने के लिए कहा गया है। 15 अप्रैल तक जमा की जाने वाली इस राशि के साथ आवेदकों को अपने दस्तावेज भी हज कमेटी को जमा करने के लिए कहा गया है।
प्रदेश का कोटा पहुंचा सात हजार के करीब
हज 2024 के लिए प्रदेश से कुल 9147 आवेदन किए गए थे। सेंट्रल हज कमेटी ने इन आवेदनों में से लॉटरी द्वारा 6750 हाजियों का चुनाव किया था, जिसके बाद प्रदेश के करीब 2397 आवेदकों को प्रतीक्षा सूची में रखा गया था। अतिरिक्त सीटें मिलने के बाद अब प्रदेश का हज कोटा सात हजार के करीब पहुंच गया है।
ऐसे होती है वेटिंग क्लियर
सऊदी अरब सरकार से देशभर के लिए मिलने वाले कोटे को सेंट्रल हज कमेटी विभिन्न प्रदेशों को उनकी मुस्लिम आबादी के लिहाज से सीटें आवंटित करती है। इन प्रदेशों से मिलने वाले आवेदनों से तय कोटे के मुताबिक हज यात्रियों की संख्या तय की जाती है। लेकिन बिहार, उत्तर प्रदेश, कश्मीर या केरल को मिलने वाले अधिक कोटे से अक्सर कुछ सीटें बाकी रह जाती हैं। जिन्हें देश के विभिन्न प्रदेशों की प्रतीक्षा सूची को क्लियर करने में समायोजित किया जाता है। इस कोटे के अलावा प्रदेश के चयनित आवेदकों के अलग अलग कारणों से होने वाले कैंसिलेशन को भी वेटिंग लिस्ट क्लियर करने में ही इस्तेमाल किया जाता है।