बैतूल में आदिवासी युवक की पिटाई का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोप है कि इन्होंने युवक के साथ मारपीट की, उसे मुर्गा बनाया और वीडियो बनाकर वायरल किया था। इधर आरोपी की शिकायत पर दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
बताया जा रहा है कि शनिवार की रात आदिवासी युवक राज उइके के साथ पिटाई की गई थी और इसका वीडियो वायरल होने पर मामले ने तूल पकड़ लिया था। एसपी सिद्धार्थ चौधरी के संज्ञान में वीडियो आने के बाद उन्होंने रविवार की रात पीड़ित की तलाश कर उसकी शिकायत पर एक नामजद सहित अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया था।
कोतवाली टीआई आशीष सिंह पंवार ने बताया कि रविवार को पीड़ित राज उइके (22) निवासी खंजनपुर दादाजी मंदिर के पास ने शिकायत की थी कि चंचल सिंह राजपूत, डेन एवं चंदन सरदार के द्वारा उसका रास्ता रोककर सुभाष स्कूल के पास से अपहरण कर उसे स्कार्पियो पर उठाया गया और लल्ली चौक के पास एक पान की दुकान के सामने शनिवार की देर रात पिटाई की। पुलिस ने इस मामले में तीनों आरोपियों के खिलाफ धारा 294, 323, 506, 34, 341, 365 और एससी, एसटी एक्ट के तहत मामला कायम कर आरोपी चंचल सिंह राजपूत (बजरंग दल में संभाग सह संयोजक) और चंदन सरदार को गिरफ्तार कर सोमवार को न्यायालय में पेश किया है।
टीआई पंवार ने बताया कि 8 फरवरी को चंचल सिंह राजपूत निवासी रातामाटी ने कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी कि बस स्टैंड के पास आरोपी गुल्लू चित्रार, अंकित चित्रार, नंदी झरबड़े एवं नावेद खान द्वारा उसके साथ मारपीट की गई है। इस मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 294, 323, 506, 34 का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। इस मामले में भी गुल्लू चित्रार एवं नंदी झरबड़े को न्यायालय में उपस्थित होने के लिए धारा 41 का सूचना पत्र तामिल कराया गया है। अन्य दो आरोपी अंकित चित्रार और नावेद खान घटना के दिन से फरार हैं, जिसके कारण उन्हें सूचना पत्र तामिल नहीं कराया गया।
कोर्ट ने दी जमानत
चंचल सिंह राजपुत और चंदन सरदार को न्यायालय से जमानत मिल गई है। पुलिस ने दोनों को एससी-एसटी स्पेशल कोर्ट में पेश किया था, जहां कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी है। मामले में पीड़ित युवक ने न्यायालय में एफिडेविट प्रस्तुत किया है कि जिस चंदन सरदार के नाम से रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी गिरफ्तार हुआ चंदन सरदार वो नहीं है और ये वारदात करने वाला चंदन सरदार नहीं था।