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आलीराजपुर: जनसुनवाई में पहुंचा पति, पत्नी को मायके से वापस बुलाने की लगाई गुहार

Tue, 06 Oct 2026 08:18 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आलीराजपुर

सार

आलीराजपुर की जनसुनवाई में रिछवी गांव निवासी ढेडु ने पत्नी अजमा को मायके से वापस बुलाने में प्रशासन से मदद मांगी। पति ने बताया कि पत्नी करीब एक माह से मायके में है और दोनों बच्चे मां को याद कर रोते हैं। जनसुनवाई में कुल 40 आवेदन मिले, जिनमें भूमि और दस्तावेज संबंधी शिकायतें भी शामिल थीं।
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आलीराजपुर की जनसुनवाई में पहुंचा पति - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आलीराजपुर कलेक्टर कार्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में अपनी विभिन्न समस्याओं को लेकर कुल 40 आवेदन पहुंचे। इनमें भूमि विभाजन, आधार कार्ड और समग्र आईडी न बनने जैसी शिकायतें शामिल थीं। इन सभी मामलों के बीच रिछवी गांव के कनासाया फलिया निवासी एक व्यक्ति अपनी पत्नी को वापस घर भिजवाने की गुहार लेकर जनसुनवाई में पहुंचा।
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पत्नी को घर लाने की गुहार
रिछवी गांव निवासी ढेडु, पिता भंगडा ने आवेदन प्रस्तुत कर बताया कि उनकी पत्नी अजमा करीब एक माह पूर्व मायके गई थी। इसके बाद वह वापस ससुराल नहीं लौटी। आवेदक के अनुसार पत्नी के मायके में उसके पिता जगलिया, भाई नरतु और मां केशरी रहते हैं। ढेडु ने प्रशासन से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की। उसने आग्रह किया कि उसकी पत्नी को समझाइश देकर घर वापस भेजने में प्रशासनिक सहयोग दिया जाए। उसने अपने दो बच्चों का उल्लेख करते हुए बताया कि मां के न होने से दोनों बच्चे रोज उसे याद कर रोते हैं और उसकी राह देखते हैं। पति ने कलेक्टर से दोनों पक्षों के बीच बातचीत कराकर मामले का समाधान कराने की अपील की।

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लंबित पड़ी समस्याओं को रखा
जनसुनवाई में आए अन्य आवेदनों में लोगों ने अपनी लंबे समय से लंबित पड़ी समस्याओं को अधिकारियों के समक्ष रखा। कुछ आवेदकों ने जमीन के बंटवारे से जुड़ी परेशानियां बताईं। वहीं कुछ लोगों ने बच्चों के चार साल से आधार कार्ड न बनने की शिकायत दर्ज कराई। आवेदकों का कहना था कि आधार कार्ड न बनने से बच्चों को आवश्यक दस्तावेज और सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ रहा है।
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इसी प्रकार कुछ ग्रामीणों ने दो साल से समग्र आईडी न बनने की समस्या उठाई, तो महिला समूह के संचालन के लिए भी आवेदन पत्र सौंपा गया। अधिकारियों ने जनसुनवाई में प्राप्त सभी आवेदनों को संबंधित विभागों को भेजकर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश जारी किए। प्रशासन का कहना है कि पति के आवेदन पर दोनों पक्षों की बात सामने आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
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