सीएम योगी ने कहा, लोगों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए पीआरवी-112 का उपयोग करें। यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी व्यक्ति सड़क पर न दिखे। सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से ग्राम प्रधानों से संवाद स्थापित कर गांवों में कोरोना के प्रति लोगों को जागरूक करें।
उन्होंने जिला प्रशासन तथा पुलिस के अधिकारियों को संयुक्त रूप से पेट्रोलिंग करने के निर्देश दिए हैं। कहा कि लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से माइक पर एनाउंसमेंट भी किया जाए। रैनबसेरों तथा धर्मशालाओं में रहने वाले लोगों के लिए कुक्ड फूड की व्यवस्था की जाए। इसके लिए एमडीएम की किचन का उपयोग किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मंडी समितियां गेहूं, चावल, दाल, आलू तथा दूध के उठान की व्यवस्था भी करें। ई-कॉमर्स कंपनियां, जैसे बिग बाजार, मेगा मार्ट आदि के लोग होम डिलीवरी करें, जिससे लोगों को घर पर ही सुविधाएं मिल सकें।
स्वास्थ्य विभाग दवा विक्रताओं से समन्वय कर जरूरतमंदों को होम डिलीवरी के माध्यम से दवा उपलब्ध कराने का कार्य करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि निराश्रित गो-आश्रय स्थलों पर चारे आदि की व्यवस्था की जाए। मुर्गी, बतख तथा मछली के लिए भी चारे का इंतजाम किया जाए। कुत्तों को भोजन के लिए एसपीसीए की मदद ली जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कालाबाजारी, जमाखोरी या मुनाफाखोरी करने वालों के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
दवा तथा खाद्यान की दुकानों पर सोशल डिस्टेंसिंग का अनिवार्य रूप से पालन कराया जाए। यह सुनिश्चित करें कि दुकानों पर एक समय में दो से अधिक व्यक्ति न रहें।