यूपी में बढ़ते अपराध और कानून-व्यवस्था में गिरावट के आरोपों को खारिज हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि विरोधियों द्वारा ऐसी चर्चाएं सिर्फ सरकार की नकारात्मक छवि बनाने के मकसद से की जा रही हैं। प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद से ही अपराध पर प्रभावी नियंत्रण के लिए ठोस कदम उठाए गए हैं।
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मुख्यमंत्री मंगलवार को यहां एक कार्यक्रम में सवालों के जवाब दे रहे थे। प्रदेश में अपराध बढ़ने से संबंधित सवाल पर उन्होंने कहा कि सरकार बनने के शुरुआती दौर में जो आपराधिक घटनाएं हुईं, वे विरोधियों की साजिश थीं। सपा का नाम लिए बगैर उन्होंने कहा, जो पैसा भ्रष्टाचार से बटोरा गया था, उसका उपयोग अपराध बढ़ाकर सरकार को बदनाम करने के लिए किया गया।
राजनीति का अपराधीकरण रोकने को लेकर कड़े तेवर के संकेत देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जल्द ही एक नया कानून बनाने जा रही है, जिसमें अपराधियों के साथ ही उनके संरक्षणदाताओं के लिए भी एक तरह की सजा का प्रावधान किया जाएगा।
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आजमगढ़ में अवैध शराब से हुई मौतों और सीतापुर में हुए तिहरे हत्याकांड के सूत्रधारों की इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि इससे साबित हो गया है कि इस तरह की घटनाओं को अंजाम कौन दे रहा था।
गोरखपुर मामले में दोषियों को बचाया नहीं, निपटाया
- फोटो : amar ujala
गोरखपुर और फर्रुखाबाद के अस्पतालों में बच्चों की मौत पर मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी बच्चे की मौत ऑक्सीजन की कमी से नहीं हुई, बल्कि लापरवाही के कारण हुई थी। इस घटना में शामिल किसी भी डॉक्टर को बचाया नहीं गया, बल्कि उन्हें लापरवाही और भ्रष्टाचार में लिप्त होने के कारण निपटाया गया।
अखिलेश के कार्यकाल में काम नहीं, कारनामे हुए
मेट्रो के उद्घाटन को लेकर पूर्व सीएम अखिलेश यादव द्वारा ट्विटर पर की गई टिप्पणी पर योगी ने कहा कि उन्होंने अपने कार्यकाल में काम नहीं, सिर्फ कारनामे ही किए। अखिलेश ने सारे काम अधूरे छोड़ दिए। चाहे वह मेट्रो परियोजना हो या कैंसर इंस्टीट्यूट। इन्हें हम पूरा करा रहे हैं। योगी ने चुटकी लेते हुए कहा कि भगवान करे कि अखिलेश ट्विटर पर ही सक्रिय रहें।
पब्लिक में जाने लायक नहीं राहुल
राहुल गांधी द्वारा कैलिफोर्निया में दिए गए भाषण के बारे में पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि राहुल यूएस में बैठकर यूपी में सफाई की बात कर रहे हैं। वह आम लोगों के बीच सक्रिय नहीं हो सकते।
इतिहास के पाठ्यक्रम में मिले महापुरुषों को स्थान
- फोटो : amar ujala
डिप्टी सीएम दिनेश शर्मा द्वारा महाराणा प्रताप के शौर्य को इतिहास के पाठ्यक्रम में शामिल किए जाने संबंधी बयान को जायज ठहराते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की जनता को भगवान राम व श्रीकृष्ण की परंपरा से प्रेरणा मिलती है। इसलिए महाराणा प्रताप, गुरु गोविंद सिंह समेत अन्य महापुरुषों की गाथा बच्चों को पढ़ाई जानी चाहिए।
निजी स्कूलों की मनमानी नहीं चलेगी
प्राइवेट स्कूलों में मनमानी फीस वसूले जाने के बारे में पूछे जाने पर सीएम ने कहा कि सरकार ने फीस रेगुलराइज करने के लिए समिति बना दी है। इससे आम लोगों को काफी राहत मिलेगी।
हिंदुत्व सांप्रदायिक नहीं, भारतीयता का प्रतीक
योगी ने कहा कि हिंदुत्व सांप्रदायिक नहीं है, बल्कि भारतीयता का प्रतीक है। पीएम नरेंद्र मोदी के बहादुर शाह जफर की मजार पर जाने के बारे में उन्होंने कहा कि किसी भी उपासना स्थल पर जाना गलत नहीं है।
प्रधानमंत्री मोदी के उत्तराधिकारी के तौर पर अपनी दावेदारी को खारिज करते हुए योगी ने कहा कि भाजपा में यह परंपरा नहीं है। कांग्रेस या सपा में ही वंशावली के आधार पर नेता चुना जाता है। एक सवाल के जवाब में योगी ने कहा कि अगर पार्टी कहेगी तो वह गुजरात के साथ ही पश्चिम बंगाल में भी चुनाव प्रचार करने जाएंगे।
दुर्गापूजा व मोहर्रम पर कानून से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
योगी ने कहा कि यूपी में मोहर्रम और दुर्गापूजा के दौरान किसी को कानून से खिलवाड़ करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। पश्चिम बंगाल में दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन रोकने के आदेश को गलत बताते हुए उन्होंने कहा कि ऐसा ही रहा तो ममता बनर्जी को अगले चुनाव में घर ही बैठना पड़ेगा।
अपनी सरकार को दिए 100 में 1000 अंक
अपने पांच महीने के कार्यकाल को अंक देने के सवाल पर मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि वे तो 1000 अंक देते हैं, क्योंकि हर क्षेत्र में काम शुरू किया है। सफाई अभियान पर बोले, हमारी सरकार सफाई के लिए ही बनी है। कई तरह से सफाई कर रहे हैं। भ्रष्टाचार और अपराध के क्षेत्र में सफाई की है।