मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ राज्यों में लोगों की मदद करने के लिए सरकारी कर्मचारियों के वेतन से कटौती की जा रही है पर उत्तर प्रदेश में किसी भी सरकारी कर्मचारी के वेतन आदि से कोई कटौती नहीं की जाएगी उल्टे उनका पूरा वेतन पहले सप्ताह में ही उनके अकाउंट में पहुंचा दिया जाएगा। सरकार अपने संसाधनों से ही लोगों की पूरी मदद करेगी।
उन्होंने कहा कि आपदा कार्य में लगे पुलिसकर्मियों, स्वास्थ्यकर्मियों, सफाई कर्मियों समेत हर सरकारी कर्मचारी और संविदा कर्मियों की सैलरी हर हाल में पहले सप्ताह में पहुंच जाए। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी कर्मचारी के वेतन से जुड़ी समस्या सामने नहीं आनी चाहिए यदि ऐसी समस्या आई तो जवाबदेही तय कर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के अन्य बिलों का भी अतिशीघ्र भुगतान किया जाएगा। उन्होंने यह स्पष्ट तौर पर कहा कि आपदा कार्य में लगे हर कर्मचारी का 50 लाख का बीमा सुनिश्चित कराया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कहीं भी कोई भूखा नहीं रहना चाहिए। अनाज के सरकारी गोदाम जरूरतमंदों के लिए 24 घंटे खुले रहने चाहिए हर जरूरतमंद तक भोजन अवश्य पहुंचे।
मुख्यमंत्री ने सीएम पोर्टल के अलावा हर जरूरतमंद की मदद के लिए तत्काल एक टोल फ्री नंबर शुरू करने का आदेश राजस्व विभाग को दिया और कहा कि कंट्रोल रूम शुरू करके पूरे प्रदेश की विधिवत मॉनिटरिंग की जाए। वहीं, जो लोग आश्रय स्थलों में रह रहे हैं उनकी काउंसलिंग के लिए विशेषज्ञ, डॉक्टरों, सोशल स्टडी के विद्वानों की मदद से हर कैंप में काउंसिलिंग करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने लॉकडाउन के दौरान पूरे प्रदेश में विधिवत सफाई और सैनिटाइजेशन के आदेश दिए और कहा कि नियमित तौर पर फॉगिंग कराई जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि पशुओं के चारे को लेकर कहीं कोई कमी नहीं होनी चाहिए।
पर्याप्त चारा मौजूद है और इसका पूरा उपयोग होना चाहिए। फसलों की कटाई के संदर्भ में मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि मंडियों को तैयार रखा जाए और खरीदारी के लिए जल्द से जल्द सारी तैयारियां सुनिश्चित करा ली जाएं।