लखनऊ। संविदा बिजली कर्मचारियों से अधिकारियों ने काम कराया, मानदेय भी नहीं दिया। अब बिना किसी नोटिस के हटाने की तैयारी कर रहे हैं। यह आरोप लगाते हुए कर्मचारियों ने अफसरों से बात करने का प्रयास किया, लेकिन सफल नहीं हुए। इस पर सोमवार को प्रदर्शन करते हुए अधीक्षण अभियंता चौक कार्यालय का घेराव कर दिया।
कर्मचारियों ने बताया कि अक्तूबर माह का मानदेय दीपावली से पहले देने का वादा था, लेकिन किसी भी अधिकारी ने सुध नहीं ली। सोमवार को मानदेय की मांग को लेकर कार्यालय पहुंचे तो पता चला कि बिना नोटिस के उन्हें हटाया जा रहा है। संविदा कर्मचारी मनोज, अमरेन्द्र, राजू ने कहा कि नौकरी का डर दिखाकर अधिकारी उनका शोषण करते हैं।
कर्मचारियों ने बताया कि वह पिछले 10 सालों में सेवा में हैं। यदि किसी पोल के ऊपर कोई कार्य होता है तो उन्हें ही चढ़ाया जाता है। इस दौरान सुरक्षा के उपकरण तक नहीं दिए जाते हैं।
कर्मचारियों ने मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक भवानी सिंह खंगारौत पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया है। कर्मचारियों का कहना है कि उन्होंने कहा था कि किसी भी संविदा कर्मचारी को नहीं निकाला जाएगा।