लखनऊ। अकालतख्त एक्सप्रेस के फर्स्ट एसी में यात्रा कर रही महिला को चारबाग स्टेशन पर उतार दिया गया। आरोप है कि उससे मुरादाबाद से लखनऊ तक के सफर का जुर्माना सहित किराया ले लिया गया। महिला का कहना है कि उसे बिहार जाना था। वह टिकट बनवाने के लिए तैयार थी, लेकिन टीटीई ने ऐसा नहीं किया और बीच रास्ते में उतार दिया। रेलवे अधिकारियों ने जांच के आदेश दिए हैं।
रेलवे कंट्रोल रूम को बुधवार रात सूचना दी गई कि एक महिला अकालतख्त एक्सप्रेस के फर्स्ट एसी में मुरादाबाद से बिहार के किऊल के लिए बगैर टिकट यात्रा कर रही है। अन्य यात्री की आपत्ति के बाद टीटीई ने कंट्रोल रूम को बताया कि महिला टिकट नहीं बनवा रही है। चारबाग स्टेशन पर आरपीएफ, जीआरपी और टिकट चेकिंग स्टाफ पहुंचा। इसके बाद उसे ट्रेन से उतार दिया गया।
महिला ने आरोप लगाया कि टीटीई ने उनका किऊल तक का टिकट नहीं बनाया। ट्रेन छूटने के बाद मुरादाबाद से लखनऊ तक का 930 रुपये का किराया लेकर एक्सेस फेयर टिकट (ईएफटी) की रसीद दे दी गई। उधर, बिहार संपर्कक्रांति एक्सप्रेस की बोगी एम-1 में परिवार के साथ सफर कर रहे शोभित विसेन ने कहा कि जनरल टिकट यात्री बोगी में सवार हो गए हैं। उन्होंने सीटों पर कब्जा कर लिया है। श्रीमाता वैष्णो देवी कटड़ा-कामाख्या एक्सप्रेस की स्लीपर बोगी एसई-1 में यात्री राहुल पाठक की छह सीटें थीं। जिन पर बेटिकट यात्रियों ने कब्जा कर लिया।