बारिश में सिविल अस्पताल के आईसीयू की टपकने लगी छत
सिविल अस्पताल के आईसीयू में शुक्रवार रात हुई बारिश के बाद छत से पानी टपकने लगा। इतना ही नहीं बारिश से अन्य अस्पतालों की भी पोल खुल गई। सिविल और डफरिन अस्पताल के कई वार्डों में पानी टपकने लगा। तीमारदार-स्टॉफ मिलकर मरीजों के बेड इधर से उधर शिफ्ट करते रहे। वहीं अफसरों का कहना है कि आईसीयू व वार्ड में बारिश का नहीं बल्कि एसी प्लांट का पानी टपक रहा है।
सिविल अस्पताल की नई बिल्डिंग में बने कार्डियक आईसीयू में हाल ही में सेंट्रलाइज्ड एसी प्लांट लगाया गया है। इसके लिए छतों में कटिंग की गई थी। आरोप है उन सुराखों को संबंधित कार्यदायी संस्था ने अभी बंद नहीं किया है। शुक्रवार रात कार्डियक आईसीयू में बारिश का पानी टपकने लगा। स्टॉफ ने वहां पर बाल्टी रखी ताकि पानी आईसीयू में न फैले। वहीं कार्डियक वार्ड के बेड नंबर 16 पर भर्ती मरीज जैबुल निशां के बेड पर पानी टपकने लगा। उनका भी बेड वहां से हटाया गया। अस्पताल की पहली मंजिल पर बने महिला सर्जरी वार्ड के बेड नंबर 12 पर बारिश का पानी टपक रहा था। उस बेड पर सर्जरी के बाद महिला मरीज नीलम भर्ती थी। पानी टपकता देख तीमारदारों ने उन्हें बेड नंबर 13 पर शिफ्ट कराया।
पुरानी बिल्डिंग के आयुष विभाग में भी टपक रहा पानी
सिविल अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग के दूसरे तल पर बने आयुष विभाग की ओपीडी में शुक्रवार-शनिवार सुबह बारिश के बाद पानी टपकने लगा। कर्मचारियों ने बताया कि छत में सुराख होने पर यहां पर हल्की सी बारिश में भी पानी टपकने लगता है। ऐसे में दस्तावेज व दवाओं को सहेज कर सुरक्षित स्थान पर रखा जाता है। कई दफा इसे ठीक कराने के लिए कहा गया, मगर सुनवाई नहीं होती।
डफरिन अस्पताल के रैन बसेेरे में भी परेशानी
डफरिन अस्पताल में बने रैन बसेरे की छत से पानी टपकने संग दीवार में सीलन आ गई है। तीमारदार राजाराम का कहना है कि रैन बसेरे की छत से दो दिन से पानी रिसकर फर्श पर आ रहा है। ऐसे में यहां बैठना तक दूभर है।