यूपी में नौ सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिए मतदान की तारीख एक सप्ताह के लिए बढ़ा दी गई है। अब 13 की जगह 20 नवंबर को मतदान होगा। इस संबंध में चुनाव आयोग ने आदेश जारी कर दिया गया है। चुनाव आयोग ने जारी किए गए आदेश में कहा है कि 15 नवंबर को कार्तिक पूर्णिमा का स्नान पर्व होने की वजह से भाजपा, कांग्रेस सहित क्षेत्रीय दलों ने मतदान की तारीख बदलने की मांग की थी जिस पर यह निर्णय लिया गया है।
बता दें कि यूपी में 10 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव होने थे जिनमें से एक सीट मिल्कीपुर का मामला कोर्ट में होने के कारण इस सीट पर चुनाव की तारीखों का एलान नहीं किया गया है। शेष नौ सीटों पर अब मतदान 20 नवंबर को होगा।
बता दें कि अंबेडकरनगर की कटेहरी, प्रयागराज की फूलपुर, मुजफ्फरनगर की मीरापुर, कानपुर नगर की सीसामऊ, मैनपुरी की करहल, मुरादाबाद की कुंदरकी, गाजियाबाद, मिर्जापुर की मंझवा और अलीगढ़ की खैर विधानभा सीट पर उपचुनाव होने हैं।
वहीं, प्रदेश में उपचुनाव को लेकर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है। इसे लेकर सभी दल एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं। उपचुनाव को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नारा 'बंटेंगे तो कटेंगे' काफी चर्चा में हैं। वहीं, सपा ने इस पर पलटवार करते हुए कहा कि जनता का कहना है कि न बंटेंगे न कटेंगे, पीडीए संग रहेंगे। वहीं, मायावती ने कहा कि अगर बसपा के साथ रहेंगे तो आगे बढ़ेंगे और सुरक्षित रहेंगे।
प्रदेश में कांग्रेस ने उपचुनाव में सपा का साथ देने का निर्णय लिया है। पार्टी सपा के साथ मिलकर चुनाव लड़ेगी। नौ सीटों पर हो रहे उपचुनाव को 2027 के विधानसभा चुनाव का सेमीफाइनल माना जा रहा है।