इटौंजा के गांव भिखारीपुर व इसके मजरा देवीपुरवा में बिजली,
पानी व सड़क न होने से परेशान ग्रामीणों ने आगामी लोकसभा चुनाव के बहिष्कार
की घोषणा की है।
ग्रामीणों ने दोनों गांवों में चुनाव बहिष्कार की घोषणा
करते हुए गांव में नेताओं के प्रवेश पर रोक लगा दी है।
इटौंजा के गांव भिखारीपुर व उसके मजरा देवीपुरवा में आजादी के कई दशकों के
बाद भी सड़क, बिजली व पानी की मूलभूत सुविधाओं का अभाव है।
साल भर पहले इस
गांव के खड़ंजे को सड़क बनवाने के नाम पर खोद कर डाल दिया गया। इसके बाद
उस पर बडे़-बडे़ पत्थर डाल दिये गये लेकिन महीनों बाद भी सड़क नहीं बनाई
गई।
इससे ग्रामीणों को आवागमन में कई प्रकार की परेशानी उठानी पड़ रही है।
कई बार आला अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों से गुहार भी लगाई गई लेकिन कोई
सुनवाई नहीं हुई। दोनों गांवों का अभी तक विद्युतीकरण तक नहीं हुआ है।
केन्द्रीय टीमों के अधिकारियों व सर्वे करने वाले कई देशों के लोगों को
उदाहरण के तौर पर आये दिन भारतीय परिवेश व सामाजिक संस्कारों के नाम पर
उनके गांव का दौरा कराया जाता है लेकिन विकास के नाम पर अब तक ग्रामीणों को
वादा की घुट्टी ही पिलाई जाती रही है।
इसी के चलते ग्रामीणों ने इस बार
सड़क नहीं तो वोट नहीं, नेताओं वापस जाआें जैसे नारों के बैनर बनवाकर गांव
में लगवाकर लोकसभा चुनाव के बहिष्कार की घोषणा की है।
ग्रामीणों ने कहा,
विकास न होने पर किसी भी नेता को गांव में घुसने नहीं दिया जायेगा। वहीं
एसडीएम सुधीर कुमार रुगटा ने मामला संज्ञान में न होने की बात कही है।