नोएडा में तैनात रहे पावर कार्पोरेशन के अधिशासी अभियंता संजय शर्मा व एक कैशियर महेश कुमार को बर्खास्त कर दिया गया है। दोनों पर 54 लाख रुपये की अवैध वसूली का आरोप है। जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद पावर कार्पोरेशन के अध्यक्ष एम. देवराज ने बुधवार को संजय शर्मा व महेश कुमार की बर्खास्तगी के आदेश जारी कर दिए। संजय शर्मा मौजूदा समय में पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम से संबद्ध हैं जबकि महेश कुमार नोएडा के धूममानिकपुर उपकेंद्र पर तैनात है।
संजय शर्मा विद्युत नगरीय वितरण खंड-द्वितीय, नोएडा में 12 जून 2019 से 5 मार्च 2020 तक अधिशासी अभियंता के पद पर तैनात थे। कैशियर महेश कुमार भी उसी वितरण खंड में तैनात था। बैंक ऑफ बड़ौदा में वितरण खंड के खाते में 5 अक्तूबर 2019 को जमा कराई गई 54 लाख रुपये नकद धनराशि की कोई भी प्रविष्टि कैश बुक में नहीं की गई और न ही इस धनराशि की कोई रसीद जारी की गई। इस पर शर्मा व महेश कुमार को कर्तव्यों व दायित्वों का निर्वहन न करने का उत्तरदायी मानते हुए जांच और अनुशासनिक कार्रवाई शुरू की गई थी।
इसकी जांच मुख्य अभियंता (जांच समिति) पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम मेरठ को सौंपी गई थी। शर्मा व महेश कुमार को 26 अक्तूबर 2020 को आरोप पत्र जारी किया गया था। शर्मा ने अपने जवाब में यह धनराशि उपभोक्ताओं से ली गई बताई थी। जांच में सामने आया कि यह धनराशि उपभोक्ताओं से नहीं ली गई थी बल्कि व्यक्तिगत लाभ के लिए अवैध वसूली के रूप में प्राप्त की गई थी। जांच में शर्मा के साथ कैशियर महेश कुमार की मिलीभगत भी सिद्ध हुई। आरोप सिद्ध होने के बाद पावर कार्पोरेशन के अध्यक्ष ने बुधवार को अधिशासी अभियंता संजय शर्मा व कैशियर महेश कुमार को बर्खास्त करने के आदेश जारी कर दिए।