समाजवादी पार्टी ने शुक्रवार को अल्पसंख्यक सभा के अध्यक्ष की घोषणा कर दी। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मौलाना इकबाल कादरी को सभा का राष्ट्रीय अध्यक्ष और शकील नदवी को प्रदेश अध्यक्ष मनोनीत किया है।
सपा अल्पसंख्यक सभा के गठन को लेकर लंबे समय से कवायद चल रही थी। सपा अध्यक्ष ने दशहरे पर घोषणा करने के संकेत दिए थे। आखिरकार शुक्रवार को उन्होंने अल्पसंख्यक सभा का राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना इकबाल कादरी के साथ महासचिव मोहम्मद यामीन खान को बनाया गया है। इसी तरह उपाध्यक्ष मौलाना इरफानुल हक कादरी को बनाया गया है। अल्पसंख्यक सभा का प्रदेश अध्यक्ष उन्नाव के मोहम्मद शकील नदवी को मनोनीत किया गया है। नदवी सपा शासनकाल में राज्य भंडारण के अध्यक्ष रह चुके हैं।
वह लखनऊ के नदवा कॉलेज से आलिम और गंजमुरादाबाद उन्नाव के मदरसा मिफ्ताउल उलूम से हिफ्ज़ किया। वह पार्टी के पुराने सिपाही रहे हैं। राजनीतिक ही नहीं सामाजिक मंचों के जरिए विभिन्न गतिविधियां चलाते रहे हैं। उन्होंने कई विश्वविद्यालयों के कुलपतियों एवं प्रोफेसरों को एक मंच पर लाकर मुस्लिम समाज के बीच शिक्षा की अलख जगाने के लिए कार्य किया है। उनकी पहचान सामाजिक समारोह से जुड़े नेता के रूप में होती है। यही वजह है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उनकी राजनीतिक और सामाजिक विरासत को देखते हुए उन्हें अल्पसंख्यक सभा की जिम्मेदारी सौंपी है।
अंबेडकर वाहिनी के अध्यक्ष बने मिठाई लाल
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बलिया निवासी मिठाई लाल भारती को शुक्रवार को समाजवादी बाबा साहेब अंबेडकर वाहिनी का राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोनीत किया है। वह दो साल पहले बसपा छोड़कर सपा में आए थे। भारती बसपा में रहते हुए पूर्वांचल के जोनल कोऑर्डिनेटर तथा कई प्रदेशों में प्रभारी रहे हैं। मालूम हो कि अंबेडकर जयंती पर 14 अप्रैल को सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने वाहिनी गठन करने का एलान किया था।
पिछले सप्ताह सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने दशहरे पर वाहिनी अध्यक्ष के नाम की घोषणा करने का एलान किया था। उल्लेखनीय है कि अमर उजाला ने 12 सितंबर को अल्पसंख्यक सभा का मामला उठाया था। इसमें बताया गया था कि लंबे समय से अध्यक्ष पद खाली होने से सपा की चुनौती बढ़ रही है। इसी तरह 22 सितंबर को भी अंबेडकर वाहिनी का गठन नहीं होने का भी मामला उठाया था।