आप सांसद संजय सिंह ने सवाल उठाया कि आखिर देश की जनता को कब होश आएगा और कब लोग इन मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगेंगे। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान जनता का केवल इस्तेमाल किया जाता है। कभी चुनाव के समय लोगों के खातों में कुछ पैसे डाल दिए जाते हैं, लेकिन चुनाव खत्म होते ही युवाओं को सड़कों पर डंडों से पीटा जाता है। उन्होंने पटना की घटना का उल्लेख करते हुए कहा कि नौजवान रोजगार और अधिकार मांगते हैं तो उन्हें लाठियों से जवाब दिया जाता है।
संजय सिंह ने कहा कि भाजपा सरकार जनता को यह समझाने की कोशिश कर रही है कि महंगाई में जीना ही देशभक्ति है, गैस कम इस्तेमाल करना देशभक्ति है, सोना न खरीदना देशभक्ति है और विदेश यात्रा न करना भी देशभक्ति है। उन्होंने कहा कि हर प्रकार की तकलीफ और आर्थिक परेशानी को राष्ट्रभक्ति से जोड़कर जनता को मानसिक रूप से दोषी महसूस कराया जा रहा है। दूसरी तरफ भाजपा की विशाल रैलियां, रोड शो और राजनीतिक कार्यक्रम लगातार जारी रहते हैं, जिनमें हजारों-लाखों लोगों को बसों में भर-भरकर लाया जाता है और वहां पेट्रोल-डीजल की कोई बचत नहीं की जाती।
संजय सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं लगातार भव्य कार्यक्रम, रोड शो और विदेशी यात्राएं करते हैं। उन्होंने कहा कि अभी प्रधानमंत्री संयुक्त अरब अमीरात की यात्रा पर जा रहे हैं, वहां किसी प्रकार की बचत की जरूरत महसूस नहीं होती।
संजय सिंह ने कहा कि भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह दोहरा चरित्र अब देश के सामने पूरी तरह उजागर हो चुका है। उन्होंने कहा कि एक तरफ जनता को महंगाई, बेरोजगारी और आर्थिक संकट के बीच जीने के लिए मजबूर किया जा रहा है और दूसरी तरफ सत्ता पक्ष अपने राजनीतिक प्रदर्शन और विलासिता में कोई कमी नहीं कर रहा। उन्होंने कहा कि आखिर कब तक देश की जनता को केवल वोट की मशीन समझकर इस्तेमाल किया जाएगा और चुनाव खत्म होते ही उसे उसके हाल पर छोड़ दिया जाएगा।