नेशनल मेडिकल कमीशन ने सभी सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों से सात दिनों के भीतर हेल्थ फैसिलिटी रजिस्ट्री आईडी और अस्पताल प्रबंधन सूचना प्रणाली का विवरण मांगा है। इसका उद्देश्य मरीजों के डेटा को एक पोर्टल पर संग्रहीत कर विभिन्न क्षेत्रों में बीमारियों की स्थिति और स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी करना है।
नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी)ने सभी राजकीय एवं निजी मेडिकल कॉलेजों से स्वास्थ्य सुविधा रजिस्ट्री आईडी (एचएफआर आईडी) का विवरण मांगा है। कॉलेजों के प्रधानाचार्यों एवं डीन को निर्देश दिया है कि सात दिन में विवरण अनिवार्य रूप से भेज दें।
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मेडिकल कॉलेजों में आने वाले मरीजों की पूरा विवरण एक पोर्टल पर रखा जा रहा है। ताकि पता चल सके कि किस इलाके में किस मर्ज से प्रभावित मरीज ज्यादा है। इसी के तरफ मरीजों की रजिस्ट्री की जाती है। यह सुविधा अलग-अलग असाध्य मर्ज के साथ ही आयुष्मान के मरीजों की भी होती है।
ऐसे में एनएमसी ने सभी कॉलेजों को निर्देश दिया है कि वे एचएफआर आईडी और एचएमआईएस का विवरण भेजे। ताकि जरूरत पड़ने पर संबंधित मरीजों का विवरण देखा जा सके। इसी के तहत राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (एमओएचएफडब्ल्यू) द्वारा भी डाटा का रखरखाव सुनिश्चित किया जा रहा है।