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UP: सरकार के पैरोकार नीरज अब जनता की पैरोकारी के लिए लड़ेंगे सियासी लड़ाई, भाजपा ने इस सीट से दिया टिकट

Sat, 20 Apr 2024 12:38 PM IST
शाहरुख खान महेंद्र तिवारी, अमर उजाला, लखनऊ

सार

पूर्व यूपी विधानसभा के अध्यक्ष केसरीनाथ त्रिपाठी के बेटे पहली बार चुनाव मैदान में हैं। नीरज त्रिपाठी इलाहाबाद हाईकोर्ट में वकालत करते हैं। केसरीनाथ कई बार विधायक और राज्य सरकार में मंत्री रहे। यूपी भाजपा के अध्यक्ष रहे। 
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UP Lok Sabha Election 2024 - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भाजपा ने प्रदेश की ऐतिहासिक सीट इलाहाबाद पर हाईकोर्ट के अधिवक्ता नीरज त्रिपाठी को मौका दिया है। यह वही सीट है जिससे देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री व वीपी सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री हेमवती नंदन बहुगुणा, भाजपा के पूर्व अध्यक्ष डॉ. मुरली मनोहर जोशी, समाजवादी नेता जनेश्वर मिश्र व फिल्मों के महानायक अमिताभ बच्चन जैसी बड़ी शख्सियत सांसद रहे हैं।
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58 साल के नीरज की अपनी पहचान है। विधि स्नातक नीरज पिछले 31 वर्षों से हाईकोर्ट में वकालत कर रहे हैं और पिछले सात साल से राज्य सरकार के अपर महाधिवक्ता हैं। उनकी पैरवी से हाईकोर्ट में कई महत्वपूर्ण फैसले हुए हैं। वह आरएसएस के सहयोगी संगठन स्वदेशी जागरण मंच से भी जुड़े हैं। 

इस सबके अलावा भी उनकी एक बड़ी पहचान है। वह यूपी विधानसभा के अध्यक्ष रहे केसरीनाथ त्रिपाठी के पुत्र हैं, जो पश्चिम बंगाल के राज्यपाल भी रहे। केसरीनाथ कई बार विधायक और राज्य सरकार में मंत्री रहे। यूपी भाजपा के अध्यक्ष रहे। 
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साहित्यकार, कवि, राजनीतिज्ञ, कानून और संविधान के ज्ञाता के रूप में उनकी अलहदा पहचान थी। भाजपा ने केसरीनाथ के नहीं रहने के बाद अपनी सिटिंग सांसद व पूर्व मंत्री प्रो. रीता बहुगुणा जोशी का टिकट काटकर नीरज को मौका दिया है। केसरीनाथ का पिछले साल ही निधन हो चुका है। नीरज की पत्नी कविता भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश मंत्री हैं। 
 

परिवारवाद के विरोधी थे केसरीनाथ
प्रयागराज के लोग बताते हैं कि केसरीनाथ त्रिपाठी परिवारवाद के विरोधी थे। त्रिपाठी का कहना था कि एक परिवार के दूसरे सदस्य को सिर्फ इसलिए मौका नहीं मिलना चाहिए कि उसके पिता या परिवारीजन बड़े राजनेता हैं। उसे तब मौका मिलना चाहिए जब वह अपना स्थान खुद बनाए। नीरज को राजनीति में लाने की बात पर वह कहते थे कि मेरे जाने के बाद उसे राजनीति में लाइएगा।   

 
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चुनौती तगड़ी
इलाहाबाद की सीट सपा व कांग्रेस गठबंधन में कांग्रेस के हिस्से में आई है। कांग्रेस ने सपा के दिग्गज नेता रहे रेवती रमण सिंह के पुत्र उज्ज्वल रमण सिंह को प्रत्याशी बनाया है। रेवती रमण इलाहाबाद के प्रभावशाली नेताओं में गिने जाते हैं और दो बार इसी सीट से सपा के सांसद रहे हैं। उज्ज्वल भी विधायक रहे हैं। ऐसे में नीरज के सामने चुनौती तगड़ी है।
 
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