समीक्षा बैठक में पशुधन मंत्री।
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पशुधन व दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने आजमगढ़ चित्रकूट, मिर्जापुर, मुजफ्फरनगर व गोरखपुर के दुग्ध संघों के महाप्रबंधकों को तरल दुग्ध बिक्री में कमी पर कड़ी चेतावनी देते हुए कार्यप्रणाली में सुधारने के निर्देश दिए हैं। वहीं, डेयरी प्लांट के कार्यों में नियमानुसार बजट खर्च न करने पर झांसी के महाप्रबंधक पर कार्रवाई करने, अप्रैल का वेतन रोकने और चार्जशीट देने के निर्देश दिए हैं। वे सोमवार को पीसीडीएफ सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से प्रदेश के सभी 19 दुग्ध संघों के दुग्ध महाप्रबंधकों से उनके काम की समीक्षा कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि हर सप्ताह दुग्ध संघों के कार्यों की मुख्यालय स्तर पर समीक्षा के निर्देश दिए। कहा, पराग को हानि होने पर पीसीडीएफ के अधिकारी और दुग्ध संघों के महाप्रबंधक नुकसान वहन करेंगे। मंत्री ने कहा, पराग के उत्पादों की गुणवत्ता में कोई भी समझौता न किया जाए। प्रदेश में पराग की आइसक्रीम के लिए रिटेल आउटलेट खोलें। दिव्यांगजनों को आइसक्रीम बिक्री के लिए प्रोत्साहित करते हुए उन्हें स्वरोजगार से जोड़ा जाए।
उन्होंने सभी महाप्रबंधकों को कार्ययोजना बनाकर काम करने और हर जिले के हर वार्ड में पराग बूथ स्थापित कराने के निर्देश दिए। कहा, चरणबद्ध रूप से समितियां बढ़ाएं और पुरानी समितियां बंद न होने पाएं। बैठक में प्रमुख सचिव के रविंद्र नायक, पीसीडीएफ के समन्वयक डॉ. मनोज तिवारी, डॉ. संजय भारती, नयनतारा, डेलॉयट के प्रतिनिधि भी शामिल हुए।