अयोध्या में भूमि पूजन की तैयारियों के बीच यूपी सरकार के सूचना विभाग ने अयोध्या से जुड़ी सामग्री प्रकाशित करने के साथ ही राम मंदिर आंदोलन व इससे जुड़े हिंदू समाज के नेताओं को याद किया है।
जारी की गई सामग्री में त्रेतायुग में भगवान राम के दिव्यधाम को जाने से लेकर बाबर के आक्रमण और फिर राम मंदिर के लिए किए गए आंदोलन, सोमनाथ से अयोध्या तक की रथयात्रा, तमाम संघर्ष और फिर अस्थायी मंदिर में रामलला के विराजमान होने तक का जिक्र किया गया है।
जारी किए गए साहित्य में कहा गया है कि अगर भारत के पहले गृहमंत्री सरकार वल्लभभाई पटेल का असमय निधन न होता तो सोमनाथ की तरह अयोध्या, मथुरा और काशी का भी उद्धार हो गया होता पर ऐसा नहीं हो सका लेकिन अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अयोध्या का नया इतिहास लिखा जा रहा है।
जारी की गई एक अन्य पुस्तिका में अयोध्या से जुड़ी सभी जानकारियां दी गई हैं जिसमें नगर के दर्शनीय स्थलों व इससे जुड़ी सभी जानकारियों का जिक्र किया गया है।