डाटा विश्लेषण में जोखिम वाला आवेदक मिलने पर आधार बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण, फोटो और मूल दस्तावेजों का सत्यापन कराया जा सकता है। घोषित बिक्री, कर देनदारी व आईटीसी दावों में अंतर और आपूर्तिकर्ता की ओर से घोषित न किए गए चालानों पर आईटीसी लेने के मामलों की भी जांच होगी। इससे वास्तविक खरीद-बिक्री के बिना टैक्स क्रेडिट लेने वाले नेटवर्क पकड़ने में मदद मिलेगी।
पंजीकरण के दौरान कारोबारी परिसर की जियो-टैगिंग की जा रही है। संदिग्ध पते, दस्तावेज और वास्तविक कारोबार का सत्यापन करने के लिए अधिकारी मौके पर निरीक्षण भी कर रहे हैं। त्योहारी मांग के दौरान इलेक्ट्रॉनिक्स, मोबाइल फोन, सोना-चांदी, कपड़े, रेडीमेड गारमेंट, खाद्य तेल, ड्राई फ्रूट व पैकेज्ड सामान के कारोबार में बिलिंग और माल की वास्तविक आवाजाही पर विशेष नजर है।