समग्र शिक्षा अभियान के लिए सरकार ने बजट में भारी भरकम राशि की व्यवस्था करते हुए 18,670 करोड़ 72 लाख और मध्याह्न भोजन (मिड-डे मिल) के लिए 3,548.93 करोड़ तथा फल वितरण मद में 166.71 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। साथ ही कक्षा एक से आठ तक में अध्ययनरत विद्यार्थियों के निशुल्क यूनिफॉर्म, स्वेटर, बैग आदि मद में 370 करोड़ की व्यवस्था की गई है। सरकार ने सैनिक स्कूलों के संचालन के लिए बजट में 98 करोड़ 38 लाख रुपये की व्यवस्था की है। संस्कृत पाठशालाओं को अनुदान के लिए 836 करोड़ 80 लाख रूपये की व्यवस्था की गई है।
योगी सरकार ने संस्कृत की शिक्षा को बढ़ावा देने के की बड़ी पहल की है। संस्कृत में आधुनिक विषयों का समावेश करते हुए एनसीईआरटी का पाठ्यक्रम लागू किया गया है। संस्कृत पाठशालाओं को अनुदान के लिए बजट में 324 करोड़ 41 लाख रुपये की व्यवस्था की गई है।
संस्कृत को रोजगार से जोड़ने के लिए सरकार ने संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय वाराणसी में निशुल्क आनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र स्थापित किया है। इस केन्द्र के जरिये संस्कृत में रोजगार पाठ्यक्रम में प्रशिक्षण देने की तैयारी है। इस प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना के लिए सरकार ने बजट में 1 करोड़ 16 लाख रुपये की व्यवस्था की है।
बजट में प्रदेश सरकार ने चार राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों को मॉडल आईटीआई के रूप में विकसित करने का निर्णय (प्रस्तावित) किया है। सरकार ने प्रदेश के विभिन्न जनपदों में स्थापित नवीन राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में से 31 को पीपीपी माडल पर संचालित करने का लक्ष्य तय किया है। वहीं उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन द्वारा वित्तीय वर्ष 2022-23 में लगभग दो लाख युवाओं को पंजीकृत करते हुए प्रशिक्षण देने का लक्ष्य हासिल किया है।
योगी सरकार ने एक ट्रिलियन डालर इकोनॉमी के लक्ष्य को हासिल करने के लिए सत्र 2022-23 में न्यूज़ एज ट्रेडस के तहत चार नए पाठ्यक्रम- डाटा साइंस एवं मशीन लर्निंग इंटरनेट आफ थिग्स साइबर सेक्यूरिटी एवं ड्रोन टेक्नोलॉजी में शिक्षण और प्रशिक्षण कराने का निर्णय लिया है। इन पाठ्यक्रमों के जरिये विद्यार्थियों को रोजगार तथा इमर्जिंग टेक्नोलॉजी आधारित उद्योगों के लिए मैनपावर तैयार किए जाएंगे।
योगी सरकार ने बजट में राजकीय महाविद्यालयों में स्मार्ट क्लासेज की स्थापना के लिए 10 करोड़ और राजकीय महाविद्यालय के निर्माणाधीन भवनों को पूरा कराने के लिए 200 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है। बताते चलें कि प्रदेश में 75 नये राजकीय डिग्री कालेजों का निर्माण कार्य तेजी से कराया जा रहा है।
बजट में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के माध्यम से 42 हजार 565 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए गए हैं। इसी क्रम में मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना के लिए बजट में 650 करोड़ रूपये की धनराशि प्रस्तावित की गई है।
सिंचन क्षमता में विस्तार के लिए मुख्यमंत्री लघु सिंचाई योजना के 1000 करोड़ रुपये की धनराशि बजट में प्रस्तावित है। इसी मकसद से प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान योजना के अन्तर्गत वर्ष 2022-2023 में 15,000 सोलर पम्पों की स्थापना कराई जायेगी।