भारतीय ज्ञान परंपरा पर फोकस होगा शोध
प्रदेश के विश्वविद्यालयों व महाविद्यालयों में अब भारतीय ज्ञान परंपरा से जुड़ी न सिर्फ पढ़ाई बल्कि शोध भी होगा। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की पहल पर अब प्रदेश में भी इस पर तेजी से काम शुरू होगा। इसके लिए विश्वविद्यालयों में भारतीय ज्ञान परंपरा संवर्धन शोध पीठ की स्थापना की जाएगी।
उच्च शिक्षा विभाग ने इसके लिए बजट में पांच करोड़ रुपये की व्यवस्था की है। इससे पहले चरण में दस विश्वविद्यालयों व महाविद्यालयों में इस पर शोध शुरू हो सकेगा। इतना ही नहीं मुख्यमंत्री भारतीय ज्ञान प्रणाली वैश्विक उत्कृष्टता कोष भी स्थापना के लिए दस करोड़ की व्यवस्था की गई है।
एडेड कॉलेजों में बढ़ेगी आधारभूत सुविधाएं
प्रदेश के 331 अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) महाविद्यालयों को पहली बार वेतन से अतिरिक्त आधारभूत सुविधाओं के लिए भी उच्च शिक्षा विभाग की ओर से आर्थिक सहयोग किया जा सकेगा। इसके लिए विभाग ने बजट में तीन करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
प्रदेश के कई एडेड कॉलेजों में अपेक्षाकृत छात्रों के प्रवेश न होने से उन्हें बिल्डिंग की मरम्मत से लेकर अत्याधुनिक सुविधाओं के लिए पर्याप्त बजट की व्यवस्था नहीं हो पाती है। ऐसे में उच्च शिक्षा विभाग की यह पहल उनके लिए संजीवनी का काम करेगी।