फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी : खुद को दिल्ली भाजपा का प्रतिनिधि बताकर डिप्टी सीएम से मिलने पहुंचा जालसाज, बोला- ठगी करना मेरा काम

Fri, 12 Dec 2025 07:56 PM IST
आकाश द्विवेदी अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

लखनऊ में एक युवक खुद को दिल्ली भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का प्रतिनिधि बताकर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से मिलने पहुंचा, लेकिन पूछताछ में उसकी पोल खुल गई और पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

लखनऊ में खुद को दिल्ली भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष का प्रतिनिधि बताकर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से उनके सरकारी आवास मिलने पहुंचे गौतमबुद्धनगर के दादरी होड़ी बछेड़ा निवासी दशरथ पाल को गौतमपल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। उसके साथ मौजूद तीन अन्य युवकों को पुलिस ने पूछताछ के बाद छोड़ दिया। आरोपी दशरथ तीनों को डिप्टी सीएम से मिलने के बहाने साथ लेकर आया था।

विज्ञापन


एसीपी हजरतगंज विकास जायसवाल ने बताया कि डिप्टी सीएम के निजी सचिव सुनीत कुमार की तहरीर पर दशरथ के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। पूछताछ में इस बात का पता चला कि वह पहले दिल्ली एमसीडी में संविदा पर बतौर माली काम करता था। बाद में उसको नौकरी से हटा दिया गया था। इसके बाद आरोपी लोगों से ठगी करने लगा। 

बृहस्पतिवार को वह गौतमबुद्धनगर के दादरी निवासी तीन परिचितों को डिप्टी सीएम से मिलने के लिए लेकर आया था। एसीपी ने बताया कि इस मामले में दिल्ली भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा की तरफ से भी आरोपी दशरथ के खिलाफ दिल्ली में एफआईआर दर्ज कराई गई है।

विज्ञापन

डिप्टी सीएम को मेसेज व कॉल कर मिलने आया था

पुलिस से की गई शिकायत में इस बात का जिक्र है कि आरोपी दशरथ ने डिप्टी सीएम केशव प्रसाद को फोन कर खुद को दिल्ली भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा का प्रतिनिधि बताकर मिलने के लिए समय मांगा था। समय मिलने पर वह बृहस्पतिवार शाम डिप्टी सीएम के सरकारी आवास पर मिलने पहुंचा। शक होने पर जब उससे पूछताछ की गई तो वह अपना नाम बदल-बदल कर बताने लगा। गहनता से पूछताछ करने पर आरोपी की असलियत का पता चला और उसके खिलाफ कार्रवाई की गई।
विज्ञापन

पूछताछ में सामने आई ये बात...

आरोपी दशरथ से पूछताछ में पता चला कि दशरथ पाल दोपहर में एक मंत्री के आवास पर जाकर मिला था। साथ आए जेवर की विलासपुर नगर पंचायत के चेयरमैन के पति के अलावा एक व्यवसायी और ड्राइवर को की भी उनसे मुलाकात कराई थी। मंत्री और उनके सुरक्षा कर्मी जालसाज को नहीं पहचान सके थे।

इसके बाद वह डिप्टी सीएम से पहुंचा था जहां पकड़ लिया गया। इंस्पेक्टर गौतमपल्ली रत्नेश कुमार सिंह के मुताबिक, आरोपी के साथ नगर पंचायत की चेयरमैन लता सिंह के पति संजय सिंह, व्यवसायी भान सिंह और एक ड्राइवर था। उन लोगों को अपने क्षेत्र में एक चौराहे पर प्रतिमा लगानी थी। दशरथ ने उनसे कहा था कि वह डिप्टी सीएम के यहां से प्रतिमा लगवाने की अनुमति उसे दिलवा देगा। सभी को झांसे में लेकर आया था। पुलिस दशरथ के अपराधिक इतिहास का पता लगाया जा रहा है। दशरथ के पास से दो आधार कार्ड मिले हैं।

दोनों में फोटो तो उसकी लगी है पर नाम और पते भिन्न-भिन्न हैं। आरोपी के खिलाफ कूटरचना की भी धारा बढ़ाई जाएगी। इसके अलावा उसका मोबाइल कब्जे में ले लिया गया है। उसे जांच के लिए फोरेंसिक लैब भेजा गया है। पुलिस की पूछताछ में पता चला कि आठ दिसंबर को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के नोएडा दौरे के दौरान भी डिप्टी सीएम से कुछ दूरी पर खड़े होकर एक फोटो भी खींची थी। बाद में उसे एडिट किया था। जिससे लग रहा है कि वह पास ही खड़ा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें