बजट 2021: मायावती व अखिलेश यादव।
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केंद्र सरकार ने वर्ष 2021-22 के लिए आम बजट संसद में पेश कर दिया है जिसमें देश के मध्यम वर्ग को सीधे कोई लाभ मिलता दिखाई नहीं दे रहा है। इस बार टैक्स स्लैब में भी कोई राहत नहीं दी गई है।
सोमवार को संसद में पेश किए गए बजट के बारे में बसपा सुप्रीमो मायावती ने ट्वीट कर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि संसद में आज पेश केन्द्र सरकार का बजट पहले मंदी व वर्तमान में कोरोना प्रकोप से पीड़ित देश की बिगड़ी अर्थव्यवस्था को संभालने और यहां की अति-गरीबी, बेरोजगारी व महंगाई आदि की राष्ट्रीय समस्या को क्या दूर कर पाएगा? इन्हीं आधार पर सरकार के कार्यकलापों व इस बजट को भी आंका जाएगा।
अगले ट्वीट में उन्होंने कहा कि देश के करोड़ों गरीब, किसान व मेहनतकश जनता केन्द्र व राज्य सरकारों के अनेकों प्रकार के लुभावने वायदे, खोखले दावे व आश्वासनों से काफी थक चुकी है तथा उनका जीवन लगातार त्रस्त है। सरकार अपने वायदों को जमीनी हकीकत में लागू करे तो यह बेहतर होगा।
वहीं, सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पूछा कि सरकार ने इस बार प्रदर्शन कर रहे किसानों को क्या दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा ही किसानों की आय दोगुनी करने की बात कहती थी क्या वो प्रदर्शनकारी किसानों की आय दोगुनी करेगी?
बजट के पहले उन्होंने ट्वीट कर कहा था कि भाजपा सरकार से बस इतनी गुज़ारिश है कि वो इस बार बजट में देश की एकता, सामाजिक सौहार्द, किसान-मज़दूर के सम्मान, महिला-युवा के मान और अभिव्यक्ति की आज़ादी की पुनर्स्थापना के लिए भी कुछ प्रावधान करे क्योंकि भाजपा की विघटनकारी नीतियों से ये सब बहुत खंडित हुआ है।