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रायबरेली जिला कारागार की सुरक्षा में बड़ी चूक, दो बंदी जेल से फरार, हड़कंप मचा

Tue, 15 Sep 2020 02:42 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायबरेली
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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जिला कारागार की सुरक्षा व्यवस्था की मंगलवार को हवा निकल गई। दुष्कर्म और चोरी के मामले में जेल पहुंचे दो बंदी प्रसाधन की ईंटें तोड़कर फरार हो गए। गणना के दौरान बंदियों की संख्या कम मिलने पर जेल अफसरों में हड़कंप मच गया। तलाश शुरू की गई, लेकिन बंदियों का कुछ पता नहीं चला। सूचना मिलने पर एसपी श्लोक कुमार, सीओ सदर डॉ.अंजनी कुमार चतुर्वेदी ने जेल पहुंचकर अधीक्षक ज्ञान प्रकाश से घटना के बारे में जानकारी ली। जेल अधीक्षक की तहरीर पर सदर कोतवाली में दोनों बंदियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।

 

सलोन कोतवाली क्षेत्र के बहादुरपुर मजरे अतरथरिया निवासी रंजीत पुत्र रामनरेश को दुष्कर्म और शिवगढ़ थाना क्षेत्र के शेरगढ़ पड़रिया निवासी शारदा प्रसाद पुत्र रामफेर को चोरी के मामले में अभी हाल में ही जिला कारागर पहुंचे थे। चूंकि कोरोना के चलते जेल में क्वारटीन बैरक बनाई गई है। नए बंदियों को 15 दिन क्वारंटीन बैरक में रखने के बाद जेल के अंदर वाली बैरकों में शिफ्ट किया जाता है। 

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दोनों बंदी क्वांरटीन बैरक में बंद चल रहे थे। जेल अफसर दावा कर रहे हैं कि सुबह बंदियों की गणना कराई गई। इस दौरान  बंदी रंजीत और शारदा प्रसाद गायब मिले। यह देख अफसरों में हड़कंप मच गया। दावा किया जा रहा है कि प्रसाधन की ईंटें निकालकर बंदी दीवारें फांदकर फरार हुए। जानकारी होने पर एसपी,  सीओ के साथ ही सदर कोतवाल अतुल सिंह फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। जेल अधीक्षक ज्ञान प्रकाश का कहना है कि क्वारंटीन बैरक से दो बंदी भागे हैं। दोनों के खिलाफ सदर कोतवाली में केस दर्ज करा दिया गया है। कोतवाल का कहना है कि केस दर्र्ज करके प्रकरण की जांच की जा रही है।

डीआईजी पहुंचे, दर्ज किए बयान
जेल की क्वारंटीन बैरक से दो बंदियों के भागे जाने का मामला लखनऊ तक पहुंच गया। आनन-फानन में डीआईजी जेल संजीव त्रिपाठी यहां पहुंचे। उन्होंने जेल अधीक्षक समेत अन्य डिप्टी जेलरों, बंदीरक्षकों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। साथ ही एक-एक करके सभी के बयान दर्ज किए। डीआईजी ने जानने का प्रयास किया कि किस लापरवाही के चलते बंदी भागने में सफल हुए। कहा जा रहा है कि जांच के बाद डीआईजी लखनऊ पहुंचकर इसकी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को सौपेंगे। जेल की सुरक्षा में लापरवाही बरतने पर जेल अधीक्षक समेत अन्य अफसरों पर कार्रवाई भी हो सकती है।                                                                                      

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