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Lucknow News: बैंककर्मी बनकर ठगी करने वाले दो जालसाज साउथ दिल्ली से गिरफ्तार

Fri, 08 Aug 2025 01:49 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
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लखनऊ। बैंककर्मी बन क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने और रिन्यू करने के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले दो जालसाजों को सरोजनीनगर थाने व साइबर क्राइम सेल की संयुक्त टीम ने साउथ दिल्ली से गिरफ्तार किया। पकड़े गए आरोपी साउथ दिल्ली जैतपुर बदरपुर निवासी राहुल लखेड़ा और विकास कुमार के पास से 25 मोबाइल, एक लैपटॉप, 24 सिम कार्ड, 41250 रुपये व अन्य सामान मिला है। आरोपी राहुल ने ठगी करने के लिए घर में कॉल सेंटर खोल रखा था।
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डीसीपी साउथ निपुण अग्रवाल ने बताया कि सरोजनीनगर के बेहसा निवासी जितेंद्र कुमार का क्रेडिट कार्ड रिन्यू करने के नाम पर जालसाजों ने उनके क्रेडिट कार्ड की गोपनीय जानकारी हासिल कर 1.64 लाख की ऑनलाइन खरीदारी की थी। जितेंद्र ने सरोजनीनगर थाने में केस दर्ज कराया था। सरोजनीनगर पुलिस व साइबर क्राइम सेल की टीम को जालसाजों की धर-पकड़ के लिए लगाया गया था। सर्विलांस की मदद से पुलिस को जालसाजों की लोकेशन साउथ दिल्ली मिली थी। सरोजनीनगर व साइबर क्राइम सेल की टीम वहां भेजी गई और बुधवार को राहुल व विकास को गिरफ्तार किया गया। डीसीपी ने जालसाजों को पकड़ने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये इनाम देने की घोषणा की है।

जेल में सीखा साइबर अपराध
एसीपी कृष्णानगर विकास पांडेय के मुताबिक आरोपी राहुल इस धंधे का मास्टरमाइंड है। वर्ष 2020 में वह एक हत्या के मामले में हरियाणा की फरीदाबाद जेल में बंद था। वहीं पर उसकी मुलाकात साइबर जालसाज नवाब खान से हुई थी। नवाब खान ने ही उसे साइबर क्राइम करने के तरीके बताए थे। जमानत पर आने के बाद राहुल ने जालसाजी शुरू कर दी।
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घर में खोल रखा था कॉल सेंटर
राहुल ने घर के एक हिस्से में कॉल सेंटर खोल रखा था। इसमें अधिकतर युवतियां काम करती थीं और क्रेडिट कार्ड धारकों को फोन कर लिमिट बढ़ाने व उसे रिन्यू कराने के नाम पर जाल में फंसाती थीं। इसके बाद राहुल व विकास जाल में फंसे व्यक्ति को एपीके फाइल का लिंक भेजकर उसके मोबाइल फोन का एक्सेस हासिल कर लेते थे। फोन से क्रेडिट कार्ड की गोपनीय जानकारी हासिल कर महंगा मोबाइल फोन अपने पते पर मंगवाते थे और सस्ते दाम में बेच देते थे। कॉल सेंटर में काम करने वाली युवतियों को 15 हजार रुपये के वेतन पर रखा गया था।
बिहार का दुबे 10 रुपये में बेचता था डाटा
डीसीपी ने बताया कि पूछताछ में पता चला है कि राहुल और विकास को बिहार निवासी दुबे क्रेडिट कार्ड धारकों का डाटा बेचता था। एक व्यक्ति की जानकारी देने के लिए वह 10 रुपये वसूलता था। दुबे के पास यह जानकारी पहले से रहती थी कि किस व्यक्ति का क्रेडिट कार्ड खत्म होने वाला है और किसे क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने की जरूरत है। डीसीपी ने बताया कि नवाब अहमद और दुबे की गिरफ्तारी के लिए टीम लगी है।
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