विनीत खंड में पहुंचते ही ऑटो पर बैठी एक महिला चालक के पास बैठ गई और युवक पिछली सीट पर आ गया। उसने छेड़छाड़ शुरू कर दी। हुसड़िया चौराहे से पहले ही ऑटो सवार दोनों महिलाएं उतर गईं और दो पुरुष बैठ गए। इसके बाद दोनों छात्रा से छेड़छाड़ करने लगे। विरोध पर उसकी पिटाई भी की। खुद को बचाने के लिए छात्रा ने ऑटो रोकने को कहा, लेकिन चालक ने नहीं रोका।
पीड़िता के मुताबिक, चारो बदमाश ने ऑटो को शहीद पथ पर चढ़ाने को कहा। हुसड़िया चौराहे पर पहुंचते ही उसने शोर मचाना शुरू कर दिया। इस बीच चौराहे पर एक महिला कांस्टेबल को देखा तो काफी तेज आवाज में मदद की गुहार लगाई। उसकी आवाज सुनकर कुछ वर्दीधारी ऑटो के पीछे लगे।
शहीद पथ पर कुछ दूर जाने के बाद ऑटो को वर्दीधारी महिला ने रोक लिया। इसके बाद महिला ने छात्रा को अपने पास खड़ा कर लिया। इस दौरान ऑटो सवार बदमाशों व कुछ राहगीरों के बीच हाथापाई होने लगी। पीड़िता ने पुलिस बुलाने को कहा तो वर्दीधारी महिला ने मना कर दिया। इस बीच मौका पाकर बदमाश भाग निकले।
पिता को देखते ही रोने लगी छात्रा
सूचना पर हुसड़िया चौराहे पर पहुंचे पिता को देखते ही छात्रा रोने लगी। वह बेटी को लेकर हुसड़िया चौकी पर पहुंचे। पुलिसकर्मियों ने वारदात के बारे में जानकारी से इनकार कर दिया। छात्रा ने वर्दीधारी महिला द्वारा बचाए जाने की बात कही तो पुलिसकर्मियों ने अन्य पुलिसकर्मियों के चौराहे पर तैनात होने की जानकारी से इनकार कर दिया। साथ ही छात्रा और उसके पिता को थाने जाकर तहरीर देने की बात कही।
पीड़िता के पिता के मुताबिक, हुसड़िया चौकी पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने गोमतीनगर थाने भेजा, वहां पहुंचे तो वारदात स्थल विभूतिखंड थाने का बताकर भेजा गया। वहां मौजूद दरोगा ने वारदात की पूरी जानकारी लेने के बाद गोमतीनगर थाने भेजा। इस दौरान हुसड़िया चौकी से गोमतीनगर थाने, फिर विभूतिखंड। इसके बाद गोमतीनगर थाने वापस आने के दौरान दो घंटे बीत गए, लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की।
पीड़िता के पिता के मुताबिक, गोमतीनगर थाने में मौजूद एक दरोगा ने पूरी वारदात की जानकारी हासिल की। इसके बाद उसने कहा कि कल आइएगा। छात्रा व उसके पिता को लेकर एमसीआर जाएंगे। जहां सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद वारदात की पुष्टि होगी तब मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
पीड़िता के पिता के मुताबिक, पुलिस अगर कार्रवाई नहीं करती है तो वह उच्चाधिकारियों से शिकायत करेंगे। मामले की जानकारी क्षेत्राधिकारी गोमतीनगर संतोष कुमार सिंह को हुई तो उन्होंने इंस्पेक्टर को फटकार लगाई। देर रात को गोमतीनगर पुलिस ने पीड़िता के परिवारीजनों से संपर्क किया।