सुल्तानपुर में जिला पंचायत चुनाव में पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष व बीजेपी समर्थित ऊषा सिंह दो राउंड की मतगणना की समाप्ति पर तीन हजार मतों से आगे थीं। वार्ड नंबर 29 से निवर्तमान क्षेत्रीय मंत्री काशी प्रांत व निवर्तमान जिला पंचायत सदस्य बबिता तिवारी में कांटे की टक्कर हैं। वार्ड नंबर 30 से भाजपा जिला उपाध्यक्ष संजय सिंह त्रिलोकचंदी की पत्नी दो राउंड की मतगणना समाप्ति तक पीछे थीं।
वार्ड नंबर 16 से पूर्व जिला पंचायत सदस्य व कांग्रेस नेता ओपी चौधरी बीजेपी प्रत्याशी से आगे थे। वार्ड नंबर 11 से चुनाव लड़ रहीं कांग्रेस जिलाध्यक्ष अभिषेक सिंह राणा की पत्नी सोनी सिंह बीजेपी प्रत्याशी विवेक सिंह से आगे थीं। वार्ड नंबर 43 से चुनाव लड़ रहे भाजपा युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष रामेंद्र सिंह राणा पीछे चल रहे हैं।
सीतापुर में वार्ड संख्या 74 के बीजेपी उम्मीदवार शिवकुमार गुप्त आगे थे। अयोध्या में जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए भाजपा के संभावित उम्मीदवार माने जाने वाले पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष व श्रावस्ती के प्रभारी अवधेश पांडेय बादल, गिरीश पांडेय डिप्पुल, इंद्रभान सिंह, रोली सिंह, जिला उपाध्यक्ष कृष्ण कुमार पांडेय खुन्नू संघर्ष करते नजर आ रहे हैं। मया, पूरा, रुदौली, मवई, हैरिगंटनगंज, बीकापुर, मसौधा ब्लाक क्षेत्र की कई सीटों पर सपा की स्थिति तो अमानीगंज, तारुन समेत क़ुछ अन्य सीटों पर भाजपा मजबूत है। मया व मिल्कीपुर क्षेत्र में बसपा की बढ़त थी।
गोंडा में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष पीयूष मिश्रा आगे चल रहे थे तो जिला उपाध्यक्ष अर्जुन प्रसाद तिवारी पीछे थे। उल्लेखनीय है कि जिला पंचायत सदस्य के परिणाम देर रात या फिर सोमवार सुबह तक आने की संभावना है। इस दौरान इन सीटों पर उलटफेर हो सकता है। निर्वाचन अधिकारियों का कहना है कि ये शुरुआती रुझान हैं और इनमें आगे वाला पीछे और पीछे वाला आगे होकर विजई बन सकता है।
लखनऊ के जिला पंचायत वार्ड सदस्य के चुनाव में भाजपा ने प्रदेश में 3050 में से 800 से अधिक वार्डों में बढ़त बनाई है। पार्टी को उम्मीद है कि प्रदेश की सभी 75 जिला पंचायतों में भाजपा का बोर्ड बनेगा।
जिला पंचायत वार्ड सदस्य चुनाव की मतगणना रविवार शाम से शुरू हुई। देर रात तक आए रुझान में भाजपा ने मथुरा में 14, फिरोजाबाद में 11, मैनपुरी में दस, आगरा में 22, अलीगढ़ में 8, हाथरस में 5, एटा में 13, कासगंज में 8,
हापुड़ में 5, गौतमबुद्ध नगर में 3, गाजियाबाद में 3, मुजफ्फर नगर में 14, शामली में 4, सहारनपुर में 20, अमरोहा में 12, बागपत में 9, संभल में 7, मुरादाबाद में 11 और रामपुर में 8 सहित कुल 800 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाई थी। सोमवार दोपहर तक किस जिला पंचायत में किस पार्टी का बोर्ड बनेगा यह तस्वीर साफ हो जाएगी।
अलीगढ़ जिले में 12 स्थानों पर हो रही मतगणना में 47 सदस्यों के जिला पंचायत सदन में बहुमत यानी 27 का आंकड़ा हासिल करने के लिए हर गुणा भाग लगाया जाने लगा है। भाजपा से जिला पंचायत अध्यक्ष पद की दावेदार मानी जा रहीं पूर्व सीएम कल्याण सिंह के बेटे एटा सांसद राजवीर सिंह राजू की समधन विजय देवी मामूली बढ़त बनाए हुए हैं।
भाजपा नेता राजेश भारद्वाज की पुत्रवधू खुशबू भारद्वाज को निर्दलीय पुष्पेंद्र लोधी ने कड़ी टक्कर दी है, जिससे खुशबू का खेमा तनाव में है। इधर, सपा से जिला पंचायत अध्यक्ष पद की दावेदार अर्चना यादव भी बेहद रोचक मुकाबले में है। कुल मिलाकर रुझानों में जिला पंचायत में बहुमत की स्थिति किसी दल के साथ बनती नहीं दिख रही है। देर रात तक बसपा ने लगभग 17 सीटों पर बढ़त बना ली थी। बसपा जिलाध्यक्ष रतनदीप सिंह ने चुनाव नतीजों को लेकर अपनी पार्टी की बढ़त के बारे में बताया।