फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: ग्लोबल कैपेसिटी सेंटर बनाने की तैयारी में टोक्यो इलेक्ट्रॉन, सेमीकंडक्टर और शिक्षा क्षेत्र में बढ़ा सहयोग

Fri, 25 Jul 2025 08:58 AM IST
भूपेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

टोक्यो इलेक्ट्रॉन यूपी में ग्लोबल कैपेसिटी सेंटर बनाने की तैयारी में है। उत्तर प्रदेश ने जापान से सेमीकंडक्टर और शिक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाया है। दोनों पक्षों ने क्षमता निर्माण, युवाओं के कौशल उन्नयन और तकनीकी आदान प्रदान पर विचार साझा किए।
विज्ञापन
सेमीकंडक्टर (सांकेतिक) - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सेमीकंडक्टर निर्माण उपकरणों की प्रमुख निर्माता कंपनी टोक्यो इलेक्ट्रॉन लिमिटेड (टीईएल) ने यूपी में ग्लोबल कैपेसिटी सेंटर बनाने में रुचि दिखाई है। वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना और प्रमुख सचिव आलोक कुमार के नेतृत्व में जापान गए यूपी के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता के दौरान टीईएल के कॉर्पोरेट ऑफिसर व एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट ताकेशी ओकुबो ने ये इच्छा जताई।

विज्ञापन


उच्च तकनीकी निर्माण और शिक्षा के क्षेत्र में भारत-जापान सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से यूपी सरकार के उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने टोक्यो और ओसाका में कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं। टीईएल ने नोएडा में तेजी से विकसित हो रहे सेमीकंडक्टर ईकोसिस्टम, विनिर्माण, कौशल विकास और प्रदेश में ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (वैश्विक क्षमता केंद्रों-जीसीसी) स्थापित करने की संभावनाओं पर विचार किया।

टीईएल नेतृत्व ने यूपी की निवेश अनुकूल नीतियों की सराहना करते हुए राज्य को जीसीसी के लिए उपयुक्त बताया। बैठक में मुख्यमंत्री के सचिव अमित सिंह और विशेष सचिव विपिन कुमार जैन भी शामिल हुए। यूपी के प्रतिनिधिमंडल ने ओसाका प्रीफेक्चुरल असेंबली का भी दौरा किया। दोनों पक्षों ने क्षमता निर्माण, युवाओं के कौशल उन्नयन और तकनीकी आदान प्रदान पर विचार साझा किए।

विश्व एक्सपो में पुर्तगाली विवि के साथ शैक्षणिक सहयोग

ओसाका में चल रहे विश्व एक्सपो 2025 में पुर्तगाल के गुआर्डा विश्वविद्यालय (पॉलीटेक्निक इंस्टीट्यूट) ने भारतीय संस्थानों के साथ छात्र आदान-प्रदान, संयुक्त शोध और फैकल्टी सहयोग में रुचि दिखाई। यूपी पेवेलियन के भ्रमण के दौरान, प्रतिनिधिमंडल के वरिष्ठ सदस्य राकेश शर्मा ने काशी हिंदू विवि और डॉ. संपूर्णानंद संस्कृत विवि वाराणसी के साथ सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें