देश की दिग्गज कंपनियां उत्तर प्रदेश का रुख तेजी से कर रही हैं। बाराबंकी स्थित राम सनेही घाट औद्योगिक हब में ही कई प्रमुख कंपनियां आगे आई हैं। उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीसीडा) को भेजे गए प्रस्तावों के मुताबिक विभिन्न क्षेत्रों की प्रमुख कंपनियों ने यूपी में अपने नए कारोबार की नींव रखने का निर्णय लिया है। इनमें हैंडलूम, एग्री बिजनेस, बॉटलिंग, सीमेंट, टेलीकॉम और मैन्युफैक्चरिंग जैसे सेक्टर प्रमुख हैं।
इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (आईआईए) ने बेहतर कानून व्यवस्था को व्यापार के लिए काफी अनुकूल बताया है। आईआईए के मुताबिक गणपति एग्री बिजनेस प्राइवेट लिमिटेड ने राम सनेही घाट में 25 एकड़ भूमि अधिग्रहण के लिए रुचि जताई है। कंपनी 102 करोड़ रुपये से चावल भूसी तेल निष्कर्षण और रिफाइनरी परियोजना शुरू करेगी, जिससे हजारों लोगों को रोजगार मिलेगा।
त्रिवेणी अलमारी प्राइवेट लिमिटेड ने 40 एकड़ भूमि पर अत्याधुनिक अलमारी विनिर्माण संयंत्र लगाने का प्रस्ताव दिया है। 250 करोड़ की लागत से लगने वाले इस प्रोजेक्ट से रोजगार के 1000 प्रत्यक्ष और 6000 अप्रत्यक्ष अवसर मिलेंगे। सिंघानिया सीमेंट प्राइवेट लिमिटेड भी 200 करोड़ के निवेश से 25 एकड़ क्षेत्र में सीमेंट ग्राइंडिंग यूनिट की स्थापना करने जा रही है। इससे रोजगार के 300 प्रत्यक्ष और 2000 अप्रत्यक्ष अवसर उपलब्ध होंगे। आर.के. हैंडलूम एसेसरीज प्राइवेट लिमिटेड ने स्टॉल, स्कार्फ और गारमेंट्स से संबंधित उत्पादन के विस्तार के लिए 30,000 वर्गमीटर भूमि की मांग की है।
शालीमार ग्रुप की दो कंपनियां (शालीमार कंक्रीट प्रोडक्ट्स और शालीमार वाटर टैंक) 25-25 एकड़ भूमि पर दूरसंचार परियोजना संयंत्र और बॉटलिंग प्लांट लगाएंगी। प्रत्येक प्लांट से 225 प्रत्यक्ष और 1000 अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है। राजस्थान लिकर लिमिटेड भी 40 एकड़ भूमि पर 400 करोड़ से 200 किलोलीटर प्रति दिन (केएलपीडी) अनाज आधारित डिस्टिलरी और बॉटलिंग प्लांट की स्थापना करेगी। इससे करीब 2500 लोगों को रोजगार मिलेगा।
औद्योगिक विकास विभाग के अनुसार, किसी भी उद्योग के लिए मजबूत कानून व्यवस्था सबसे जरूरी होती है। ऐसा वातावरण देने में उत्तर प्रदेश अग्रणी प्रदेश बनकर उभरा है। प्रदेश सरकार का उद्देश्य न केवल निवेश आकर्षित करना है, बल्कि युवाओं को तकनीकी शिक्षा से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना भी है। इसी वजह से इस वर्ष तकनीकी शिक्षा प्राप्त युवाओं को बड़े पैमाने पर अवसर मिलने वाले हैं।