लखनऊ। बंथरा के जुनाबगंज के प्रसाद अस्पताल में सोमवार सुबह भर्ती महिला मरीज सीमा दीक्षित (32) की मौत शॉक एंड हेमरेज की वजह से हुई थी। इस बात का खुलासा मंगलवार को पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट में हुआ है। उनके फेफड़े व लिवर फट गए थे। पुलिस का दावा है कि अब तक की छानबीन में हत्या के कोई साक्ष्य नहीं मिले हैं।
मंगलवार को डॉक्टरों के एक पैनल ने सीमा के शव का पोस्टमॉर्टम किया। इसके बाद परिजनों ने बंथरा के किशुनपुर कौड़िया गांव में पुलिस की मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार कर दिया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट दर्शाती है कि सीमा किसी ऊंचाई से गिरी थीं। अब यह तय होना बाकी है कि वह गिरी थीं, कूदी थीं या उन्हें किसी ने धक्का दिया था। एसीपी कृष्णानगर रजनीश वर्मा ने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज देख रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यह है पूरी घटना
बंथरा के जुनाबगंज के प्रसाद अस्पताल में सोमवार सुबह भर्ती महिला मरीज सीमा दीक्षित (32) की संदिग्ध हालात में मौत हुई थी। पति अक्षय ने अस्पताल प्रशासन पर हत्या का आरोप लगाया था। वहीं अस्पताल प्रशासन का दावा है कि सीमा ने चौथी मंजिल से कूदकर जान दी है। सीमा के भाई मोहनलालगंज के जबरौली निवासी नीरज तिवारी की तहरीर पर शक के आधार पर अस्पताल के प्रशासनिक स्टाफ, अध्यक्ष भगवान प्रसाद यादव, प्रधानाचार्य और रात्रि इंचार्ज के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई थी।