सेवानिवृत्त रेलवे कर्मी मंशाराम चौरसिया को पहुंचाया गया अस्पताल।।
लखनऊ। दर्जी की संवेदनशीलता व गुडंबा पुलिस की सक्रियता ने घर में अकेले रह रहे 70 वर्षीय सेवानिवृत्त रेलवे कर्मी मंशाराम चौरसिया की जान बचा ली। उनके प्रयास की स्थानीय लोग भी प्रशंसा कर रहे हैं।
जानकीपुरम सेक्टर-एच निवासी मंशाराम चौरसिया मिलनसार स्वभाव के हैं। वह रोजाना सुबह घर के पास स्थित दर्जी की दुकान पर जाकर 65 वर्ष के मास्टर शरीफ से बातें करते थे। सोमवार को मंशाराम दुकान पर नहीं आए तो शरीफ को अनहोनी का अंदेशा हुआ और वे उनके घर पहुंच गए। देखा तो बाहर दूध व अखबार पड़ा हुआ था। काफी आवाज के बाद भी अंदर से कोई जवाब न मिला तो पुलिस को सूचना दे दी।
इंस्पेक्टर गुडंबा प्रभातेश श्रीवास्तव ने तत्काल दरोगा जिलाजीत यादव को टीम के साथ भेजा। स्थानीय लोगों की मदद से चैनल का ताला तोड़कर पुलिस घर के अंदर पहुंची तो मंशाराम चौरसिया जमीन पर गिरे मिले। शरीफ व अन्य लोगों की मदद से पुलिस ने उन्हें निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया। दरोगा जिलाजीत यादव ने बताया कि मंशाराम का बेटा आकाश चौरसिया नोएडा की निजी कंपनी में है। दो बेटियां हैं, जिनकी शादी हो चुकी है। पुलिस ने आकाश को सूचना दे दी है।
सेवानिवृत्त रेलवे कर्मी मंशाराम चौरसिया को पहुंचाया गया अस्पताल।।