लखनऊ। एलडीए मानचित्र पास करने के बदले लिए जाने वाले शुल्क में वृद्धि करने जा रहा है। इस कारण अप्रैल से मकानों के नक्शे पास कराना महंगा हो जाएगा। शुक्रवार की बोर्ड बैठक में प्रस्ताव लाया जाएगा। एनसीएलटी के पचड़े में फंसी अंसल एपीआई की सुशांत गोल्फ सिटी में बिक चुके प्लॉटों पर निर्माण के लिए मानचित्र पास करने का प्रस्ताव भी लाया जाएगा।
गोमतीनगर स्थित पारिजात और पंचशील अपार्टमेंट की कीमतों को एक वर्ष और यथावत रखने का प्रस्ताव भी लाया जाएगा। एलडीए से आवंटित इंप्रूवमेंट ट्रस्ट की संपत्ति पर निर्माण के लिए नई भवन निर्माण उपविधि 2025 के नियम लागू करने का भी प्रस्ताव आएगा।
नई नियमावली के तहत जमीन की कीमत तय करने का प्रस्ताव भी लाया जाएगा। इसमें कीमत पांच से दस प्रतिशत तक कम हो जाएगी, क्योंकि प्लॉटों पर कार्नर, चौड़ी रोड और पार्क के सामने होने पर लिया जाने वाला अतिरिक्त शुल्क कम किया जाएगा। योजना विकसित करने पर आने वाले खर्च को भी घटाया जाएगा, जिससे जमीन की कीमत कम होगी।
ग्रीन कॉरिडोर, आईटी सिटी को भी मिलेगा बजट
एक अप्रैल से शुरू होने वाले नए वित्तीय वर्ष 2026-27 में एलडीए योजनाओं के रखरखाव पर कितना पैसा खर्च करेगा, कितना पैसा नई योजनाओं को लाने और अवस्थापना सुविधाओं के विकास पर खर्च करेगा, इसे भी बजट में मंजूरी दी जाएगी। बीते वर्ष से इसमें करीब 20 प्रतिशत की वृद्धि होगी। ग्रीन कॉरिडोर, आईटी सिटी, नैमिषनगर, वरुण विहार और वेलनेस सिटी योजना के लिए भी बजट का प्रावधान होगा।