अमौसी से आलमबाग तक मेट्रो रूट में आने वाली नगर निगम की स्ट्रीट लाइटों का यूटीलिटी मैप नगर निगम ने शुक्रवार को लखनऊ मेट्रो सेल कार्पोरेशन (एलएमआरसी) में जमा कर दिया है।
इसी के आधार पर ही एलएमआरसी मेट्रो का काम शुरू करने से पहले इनको हटाएगा। जलकल विभाग पहले ही रूट में पड़ने वाली वाटर लाइन का मैप जमा कर चुका है।
मेट्रो का काम शुुरू होने से पहले उसके रूट में आने वाली जनसुविधाओं को डायवर्ट किया जाना है।
इनको डायवर्ट कराने का काम संबंधित विभागों से जानकारी करने के बाद कराया जाएगा। इसका सारा खर्च एलएमआरसी उठाएगी।
एलएमआरसी सबसे पहले नार्थ साउथ कारीडोर (अमौसी से मुंशीपुलिया) पर ट्रांसपोर्ट नगर से चारबाग तक निर्माण कार्य शुरू करेगी।
इस दायरे में बिजली व टेलीफोन की जो भी अंडर ग्राउंड केबल रूट के बीच में आएगी उनको एलएमआरसी शिफ्ट करेगी। इसी तरह पानी की नई लाइन इस रूट में बिछाई जाएगी।
इसको लेकर एलएमआरसी सभी विभागों से बातचीत कर चुका है।
एलएमआरसी के सलाहकार ई. श्रीधरन 27 मई को फिर राजधानी आ रहे हैं।
इससे पहले वे 20 अप्रैल को राजधानी आए थे और यहां पर दो दिन रुके थे।
इस दौरान उन्होंने मेट्रो रूट व डिपो का निरीक्षण करने के साथ एलएमआरसी के अधिकारियों के साथ बैठक की थी।
उन्होंने मुख्यमंत्री से मुलाकात करने के बाद 2016 में ही मेट्रो राजधानी में दौड़ाने का वादा किया था।
उम्मीद की जा रही है कि उनके आने के बाद मेट्रो का काम जल्द शुरू होगा। इस दौरान वह काम शुरू करने के लिए टेंडर आमंत्रित करने सहित अन्य मसलों पर मंथन करेंगे।