राजधानी के 13 घरों में डकैती और दो युवकों की हत्या से मलिहाबाद से लेकर काकोरी तक डकैतों की दहशत है। पूरे जिले के गांवों में हाहाकार मचा है। शहर से सटे गांवों में भी नागरिकों की टोलियां गश्त कर रही हैं। अफवाह पर भी घेराबंदी के साथ पुलिस को कॉल की जा रही है।
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रात भर कॉम्बिंग के बाद भी ग्रामीणों को सुरक्षा का भरोसा नहीं हो रहा है। मलिहाबाद में बदमाशों ने मंगलवार की रात दोबारा धावा बोला, नागरिकों व पुलिस की सक्रियता से बदमाश तो भाग निकले लेकिन दहशत और बढ़ गई।
मलिहाबाद कस्बे मे डकैती व पूर्व प्रधान के बेटे की हत्या के बाद मंगलवार को रात करीब दो बजे हथियारबंद बदमाशों ने कस्बे में गल्ला मंडी निवासी कारोबारी जिब्रान खान के घर धावा बोला। नागरिकों और पुलिस की सक्रियता के चलते बदमाशों को भागना पड़ा।
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इस बीच बुधवार देर शाम से ही गुडंबा के आधार खेड़ा, चिनहट इलाके के गांवों के साथ बीकेटी, मलिहाबाद, माल इलाके के विभिन्न गांवों में बंदूकधारी डकैत देखे जाने कीं अफवाहें उड़ती रहीं। अनेक स्थानों पर गश्त कर रहे ग्रामीणों ने घेराबंदी के साथ पुलिस कंट्रोल रूम फोन किया। अधिकारियों ने पुलिस व पीएसी को लेकर कांबिंग शुरू की।
24 घंटे में ही सारे इंतजाम फेल
लूट के बाद बिखरा सामान। (फाइल फोटो)
मलिहाबाद के मुंशीगंज व सरावां में वारदात के 24 घंटे भी नहीं बीते और हथियारबंद डकैतों ने पुलिस के सारे इंतजाम को ठेंगा दिखाते हुए मंगलवार रात दो बजे जिब्रान खान के मकान पर धावा बोला। उन्होंने छत के रास्ते मकान में घुसने की कोशिश की। हालांकि जिब्रान की सतर्कता से हादसा टल गया।
उन्होंने तत्काल अपने परिचितों, ग्रामीणों व पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। लाइसेंसी बंदूक से खिड़की से फायरिंग करने लगे। नागरिकों व पुलिस ने घेराबंदी की। बताया गया कि पांच से अधिक की संख्या में आए डकैत भाग निकले। जबकि इंस्पेक्टर अरुण कुमार सिंह का कहना है कि हमले की सूचना मिली थी। पुलिस मौके पर पहुंची और छानबीन की। डकैतों या बदमाशों के आने के कोई साक्ष्य नहीं मिले।
धावा बोलने के एलान की अफवाह
गुडंबा के आधार खेड़ा के में डकैतों द्वारा धावा बोलने के एलान की अफवाह पर ग्रामीणों ने लाइसेंसी हथियार लेकर गश्त के साथ पुलिस को जानकारी दी। इंस्पेक्टर रामसूरत सोनकर ने बताया कि फोर्स लेकर खुद गश्त पर निकले और इलाके के सभी चौकी इंचार्जों की अलग-अलग टोलियां बनाकर गांवों में गश्त कराई जा रही है।
डकैतों की दहशत का आलम यह है कि बुधवार को सूर्यास्त होते ही मलिहाबाद, माल, काकोरी, बीकेटी, इटौंजा से लेकर चिनहट इलाके तक डकैतों को देखे जाने की अफवाह फैलने लगी। पुलिस कंट्रोल रूम और थाने के फोन घनघनाने लगे। एसएसपी, सभी एएसपी, सीओ और थानों की फोर्स दौड़ती रही।
चिनहट के टेराखास गांव में डकैतों और फायरिंग की खबर से सीओ गोमतीनगर दीपक सिंह कई थानों की फोर्स लेकर मौके पर पहुंच गए और ग्रामीणों के साथ कॉम्बिंग की। बीकेटी के साढ़ामऊ और दन्नौर के बीच ग्रामीणों ने कंट्रोलरूम को पांच बदमाश नजर आने की सूचना दी। ग्रामीणों का कहना था कि बदमाशों के पास बंदूकें थीं।
दल-बल के साथ एएसपी ग्रामीण डॉ. सतीश कुमार ने मौके पर पहुंचकर कॉम्बिंग की लेकिन डकैत नहीं मिले। रात करीब साढ़े नौ बजे डिगोई गांव में अज्ञात युवक ने पुलिस कंट्रोल रूम को गांव में डकैत आने की सूचना दी।
इंस्पेक्टर तेज प्रकाश सिंह छह गाड़ियों में फोर्स लेकर पहुंचे। राजापुर, इंदौरा, मदारीपुर, दन्नौर, टिकारी समेत आसपास के गांवों में कॉम्बिंग की लेकिन कुछ नहीं मिला। माल के मसिढ़ गांव में भी बदमाशों के नजर आने की अफवाह से दहशत फैली रही।