फैजाबाद के खंडासा थाना इलाके में किशोरी से दरिंदगी और बेरहमी से कत्ल किए जाने के मामले में पुलिस के रवैये पर मंगलवार को आक्रोश की आग और भड़क गई।
उग्र भीड़ ने दोपहर में खंडासा पुलिस चौकी व तीन गुमटियां फूंक दीं। बहादुरगंज में दो गुमटी व तीन छप्पर आग के हवाले कर दिए।
रामनगर में पुलिस पर पथराव किया गया। कुमारगंज में लोगों ने हाईवे पर जाम लगा प्रदर्शन किया।
इससे पहले सोमवार भोर में जबर्दस्ती छात्रा का शव दफनाने व तीन आरोपियों को बचाने का आरोप लगाते हुए भीड़ हिंसक हो गई थी। तब पुलिस ने लाठीचार्ज के साथ आंसू गैस के गोले व रबर की गोलियां चलाकर हालात काबू में किए थे।
देखते-देखते फैलने लगा उपद्रव
शनिवार शाम अमानीगंज बाजार से छात्रा (17) के अपहरण के बाद लखनऊ हाईवे पर दरिंदगी के बाद बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। इससे लोगों में आक्रोश भड़क उठा था।
सोमवार शाम को हुए बवाल के बाद कड़ी चौकसी में रातभर शांत रहे इलाके फिर मंगलवार दोपहर से अशांत होने लगे। अमानीगंज से भड़के आक्रोश ने खंडासा, बहादुरगंज, कुमारगंज, रामनगर, अमरगंज, सतनापुर बाजारों को भी चपेट में ले लिया।
यहां सुबह से ही दुकानें नहीं खुलीं। उपद्रव की पहली घटना बहादुरगंज चौराहे पर दोपहर 12 बजे हुई, यहां दो गुमटी और तीन छप्पर में लोगों ने आग लगा दी।
इधर सफाई दे रहे थे डीएम, उधर लगी थी आग
डीएम अनिल ढींगरा व एसएसपी केबी सिंह पुलिस कार्यालय में 12:15 बजे प्रेसवार्ता कर हालात काबू में होने व घटना पर सफाई दे रहे थे।
उसी दौरान खंडासा पुलिस चौकी में भीड़ ने आग लगा दी। लोगों ने ताला तोड़ दो कमरों की पुलिस चौकी में कागजात, कुर्सी व मेज आग के हवाले कर दिए।
मौके पर कोई सिपाही तक नहीं था। खंडासा बाजार में भी तीन गुमटी आग के हवाले कर दी गईं।
कई थानों की फोर्स तैनात
रामनगर में एक नए मामले की अफवाह फैली तो लोगों ने पुलिस बल पर पथराव किया।
कंदईकला के चौकी प्रभारी को इस दौरान चोट भी आई। उधर, कुमारगंज में लोगों ने हाईवे जाम कर प्रदर्शन किया।
भारी पुलिस बल के साथ डीएम-एसएसपी खुद मौके पर लोगों को समझाने में जुटे रहे। आईजी सुभाष चंद्रा ने मौके पर पहुंच अफसरों से हालात का जायजा लिया।