लखनऊ के गोसाईंगंज के बगियामऊ से 14 दिन पहले संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हुए कक्षा पांच के छात्र शिवम (12) को उसके की किरायेदार कन्हई ने अगवा किया था।
बाराबंकी के जैतपुरा में रहने वाले अपहरणकर्ता ने विधवा मां से बच्चे को छोड़ने के एवज में 5 लाख की फिरौती मांगी। हालांकि सोमवार की रात क्राइम ब्रांच, सर्विलांस सेल और गोसाईंगंज पुलिस ने कन्हई व उसके रिश्तेदार बृजेश को गिरफ्तार कर शिवम को सकुशल छुड़ा लिया।
वहीं एक बार फिर अपहरण जैसे गंभीर मामले में एक बार फिर पुलिस का लापरवाही का सच सामने आया है। शिवम के गायब होने के चंद घंटे बाद ही उसकी मां कल्पना थाना पहुंची थी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई।
इसके बाद वह नौ दिन तक लगातार थाना के चक्कर काटती रही। कोई सिपाही उसे टरका देता तो कोई फटकारते हुए भगा देता। बाद में सीओ के दखल पर रिपोर्ट लिखी गई और तलाश शुरू हुई। एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने बताया कि कल्पना के पति सुनील की सात साल पहले बीमारी से मौत हो चुकी है।
वह 15 वर्षीय बेटी शिवानी उर्फ शोभा, बेटे शिवम, चिंटू, शोभिता और सात वर्षीय आदर्श के साथ रहती है। कल्पना ने डेढ़ महीना पहले ही कन्हई को किराये पर कमरा दिया था। कन्हई बच्चों से घुलमिल गया था। करीब 20 दिन बाद ही वह मकान छोड़कर चला गया।