बेसिक शिक्षा विभाग के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में करीब 1.53 करोड़ बच्चे पढ़ते हैं। सहायता प्राप्त विद्यालयों में करीब 22 लाख विद्यार्थी हैं। विभाग ने अगले शैक्षिक सत्र में बच्चों की संख्या 1.75 करोड़ से बढ़ाकर 1.81 करोड़ करने का लक्ष्य रखा है। स्कूल बैग केवल 60 लाख विद्यार्थियों को ही बांटे जाएंगे। ऐसे में 1.21 करोड़ विद्यार्थी इससे वंचित रह जाएंगे।
...तो दो साल कैसे चलेगा बैग
सरकार ने बच्चों को एक साल छोड़कर स्कूल बैग देने का निर्णय किया है। पिछले वर्ष बांटे गए स्कूल बैग तीन-चार महीने के बाद ही फटने लगे थे। कमोबेश सभी स्कूलों में अधिकतर बच्चों के बैग की हालत खस्ता है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या ये स्कूल बैग दो साल तक चल पाएंगे।
बेसिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव आरपी सिंह का कहना है कि गत वर्ष सभी परिषदीय स्कूलों के बच्चों को बैग मिले थे। इसलिए इस वर्ष केवल पहली और छठी कक्षा के अलावा नया प्रवेश लेने वाले बच्चों को स्कूल बैग दिए जाएंगे। अनुदानित स्कूलों के सभी विद्यार्थियों को स्कूल बैग दिए जाएंगे।