लखनऊ। मंगलवार शाम की आंधी-पानी से ग्रामीण इलाकों में फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। बागवानों के अनुसार बारिश से आम की फसल में दहिया रोग लगने का खतरा बढ़ गया है। नगराम में तेज आंधी के चलते बिजली व्यवस्था ठप हो गई।
सरोजनी नगर इलाके के हमीरपुर निवासी किसान मोहित ने बताया कि बारिश से खेत में पड़ी गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। अब 15 दिन तक थ्रेसिंग नहीं हो पाएगी। खेतों में पड़े गेहूं के बंधे बोझों को सूखने के लिए फिर खेत में फैलाना पड़ेगा। माल इलाके के सेखवापुर निवासी हरी शंकर और थरी निवासी निर्मल रस्तोगी ने बताया कि गेहूं की फसल भीगने से दाने काले पड़ने की आशंका है। माल के बागवान कपिल द्विवेदी ने बताया कि आंधी से बड़ी मात्रा में आम के टिकोरे गिर गए हैं।
मलिहाबाद इलाके के किसान श्रीराम, रामऔतार व शमीम ने बताया कि तेज बारिश हुई तो गेहूं की खड़ी फसल गिरकर सड़ जाएगी। बागवानों ने बताया कि आंधी-बारिश से आम के टिकोरे टूट हैं और आगे बारिश से फसल में रोग का खतरा बढ़ जाएगा। नगराम इलाके के बहरौली निवासी किसान इदरीश, सिरौना के रामकुमार पांडेय, मितौली के वीरेंद्र, बजगहिया के केशव गिरि, मुकुंद खेड़ा के प्यारे लाल, जनार्दन, रामनिवास यादव, जौखंडी के तेज बहादुर सिंह का कहना है कि यह बारिश मेंथा फसल के लिए फायदेमंद हो सकती है। गेहूं, सरसों और धनिया को इससे भारी नुकसान पहुंचेगा। काकोरी इलाके के कठिनगरा गांव के ओम प्रकाश यादव, पिंटू यादव, रघुवीर यादव, करन कुमार और जय चंद्र ने बताया कि बारिश होने से आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
आंधी-बारिश में खराब हुई फसल।
आंधी-बारिश में खराब हुई फसल।
आंधी-बारिश में खराब हुई फसल।