इंटीग्रेटेड एजुकेशन फॉर डिसेबल सेकंडरी स्टेज (आईईडीएसएस) योजना में विशेष बच्चों को शिक्षित करने के लिए जिलों में स्पेशल एजुकेटर रखे जाएंगे। प्रदेश के 48 जिलों में 7-7 और 27 जिलों में 6-6 स्पेशल एजुकेटर की भर्तियां होंगी। प्रदेशभर में कुल 498 एजुकेटर रखे जाएंगे। भर्ती होने वालों को हर माह 25,000 रुपये मानदेय दिया जाएगा।
भर्ती के लिए बीएड विशेष डिग्रीधारकों को पात्र माना जाएगा। राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना निदेशालय ने शासन को प्रस्ताव भेज दिया है। उच्चाधिकारियों की बैठक में सहमति के बाद शासनादेश जारी किया जाएगा।
केंद्र सरकार ने बेसिक शिक्षा की तर्ज पर विशेष बच्चों कक्षा 9 से इंटर तक की मुफ्त शिक्षा देने के लिए आईईडीएसएस योजना शुरू की है। जिलों में बेसिक शिक्षा अधिकारियों से ऐसे बच्चों की सूची प्राप्त कर राजकीय व सहायता प्राप्त इंटर कॉलेजों में दाखिला दिलाया जाएगा। बच्चों को स्कूलों में दाखिला दिलाने के लिए कैंप भी लगाए जाएंगे।
पहले चरण में प्रदेश के 35 जिलों में यह योजना शुरू की गई थी, अब प्रदेशभर के सभी जिलों में इस योजना का संचालन हो रहा है।
केंद्र सरकार ने प्रत्येक 10 छात्र-छात्राओं पर एक संविदा के आधार पर स्पेशल एजुकेटर रखने की व्यवस्था दी है। इसके आधार पर जुलाई में पूरे प्रदेश में 498 स्पेशल एजुकेटर रखे जाएंगे।
11 महीनों के लिए होगा चयन
जिलों में जिलाधिकारियों की अध्यक्षता में चयन समिति बनाई जाएगी और इसका सदस्य सचिव डीआईओएस होगा। इनका चयन 11 माह के लिए किया जाएगा चयनितों को ऐसे बच्चों की सूची सौंपी जाएगी और वे बच्चों को शिक्षित करेंगे। इनके कार्यों को देखते हुए इनका नवीनीकरण किया जाएगा।
कहां कितनी होगी भर्ती
मेरठ, गौतमबुद्धनगर, बागपत, मुजफ्फरनगर, फिरोजाबाद, हाथरस, अलीगढ़, एटा, कासगंज, मुरादाबाद, जेपी नगर, रामपुर, बिजनौर, बरेली, पीलीभीत, लखनऊ, उन्नाव, हरदोई, अंबेडकर नगर, बाराबंकी, सुल्तानपुर, अमेठी, गोंडा, बहराइच, देवरिया, बस्ती, मऊ, बलिया, वाराणसी, जौनपुर, गाजीपुर, मिर्जापुर, सोनभद्र भदोही, कौशांबी, फतेहपुर, कानपुर देहात, इटावा, औरैया, फर्रुखाबाद, कन्नौज, झांसी, ललितपुर, जालौन, बांदा, हमीरपुर, चित्रकूट व महोबा में सात-सात पदों पर भर्तियां होंगी। हापुड़, गाजियाबाद, बुलंदशहर, शामली, सहारनपुर, आगरा, मैनपुरी, मथुरा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी, फैजाबाद, श्रावस्ती, बलरामपुर, गोरखपुर, महाराजगंज, कुशीनगर, सिद्धार्थनगर, संतकबीर नगर, आजमगढ़, चंदौली, इलाहाबद, प्रतापगढ़ व कानपुर नगर में छह-छह पदों पर भर्तियां होंगी।
कौन है विशेष बच्चे
विशेष बच्चों की श्रेणी में ब्लाइंड, लो विजन, लेप्रोसी, हियरिंग, ऑटिज्म, सेब्रल, स्पीच, लर्निंग में आने वाले माने जाते हैं। ऐसे बच्चों को चिह्नित करके शिक्षित करने का अभियान केंद्र सरकार ने शुरू कराया है।
इसके लिए राज्यों को जरूरत के आधार पर बजट की व्यवस्था कराई जाती है। उत्तर प्रदेश में इसके बाद भी स्थिति काफी खराब है। ऐसे बच्चों को चिह्नित करने की प्रक्रिया काफी धीमी गति से चल रही है।
अवध के इन जिलो में होगी
लखनऊ, अंबेडकर नगर, बाराबंकी, सुल्तानपुर, अमेठी, गोंडा, बहराइच में सात-सात भर्तियां होंगी वहीं फैजाबाद, श्रावस्ती, बलरामपुर में छह-छह स्पेशल एजुकेटर रखे जाएंगे।