एपल के सेल्स मैनेजर विवेक तिवारी हत्याकांड में पुलिस कार्रवाई पर उठ रहे सवालों के कारण अब इस मामले में फिर एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी। ये एफआईआर विवेक की पत्नी कल्पना तिवारी की ओर से दर्ज करवाई जाएगी।
वहीं, विवेक के परिवार से मिलकर लौटे एडीजी लखनऊ राजीव कृष्ण का कहना है कि, विवेक के परिवार को 24 घंटे सुरक्षा दी जाएगी और परिवार द्वारा दर्ज करवाई गई एफआईआर के आधार पर एसआईटी जांच करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि अगर परिवार ने चाहा तो सीबीआई जांच भी की जाएगी।
मामले में आईजी सुजीत पांडेय के नेतृत्व में बनाई गई एसआईटी ने जांच शुरू कर दी है। रविवार दोपहर एसआईटी की टीम घटनास्थल पर पहुंची। यहां घटना को नाट्य रूप से फिर से क्राइम सीन दोहराया (सीन रिक्रिएशन)।
आईजी ने बताया कि, 'क्राइम सीन एरिया की बैरिकेडिंग कर टीम हर पहलुओं पर बारीकी से नजर रख रही है। हम घटनास्थल का बारीकी से मुआयना कर रहे हैं। यहां से हमें जो भी सबूत के तौर पर चीजें मिल रही हैं, हम उसे एकत्रित कर रहे हैं। एसआईटी के सहयोग के लिए हमने फॉरेंसिक साइंस के एक्सपर्ट को भी साथ रखा है। बैलिस्टिक एक्सपर्ट्स की भी हमें काफी जरूरत पड़ेगी, इसलिए उन्हें भी टीम में शामिल किया गया है। गोली किस एंगल से चली, कहां और कैसे चलाई गई, इन सवालों के जवाब बैलिस्टिक विशेषज्ञ ही दे सकते हैं।'
आईजी ने कहा कि वारदात में शामिल गाड़ियां, विवेक की एसयूवी और पुलिस की बाइक की भी जांच फोरेंसिक और बैलिस्टिक विशेषज्ञ करेंगे।
उधर, पीड़ित परिवार से मिलने के लिए एडीजी लखनऊ जोन राजीव कृष्ण, एसएसपी कलानिधि नैथानी के साथ विवेक के घर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार से घटना के संबंध में पूरी जानकारी ली और मदद का भरोसा दिलाया।