यूपीपीजीएमईई-2014 की सेकंड काउंसलिंग मंगलवार को होगी। अब तक काउंसलिंग में 16 सीटों को शामिल करने को हरी झंडी मिली है।
आवंटन शुरू होने से पहले सीटों की संख्या और बढ़ने की उम्मीद है। एमडी-एमएस के लिए दोपहर 12 बजे से काउंसलिंग शुरू होगी।
इसमें निशक्त, सामान्य, अन्य पिछड़ा वर्ग व अनुसूचित जाति के सभी उत्तीर्ण अभ्यर्थी शामिल हो सकते हैं। एमडीएस के लिए सुबह 11 बजे से काउंसलिंग होगी।
इसमें 105 रैंक तक के सामान्य, अन्य पिछड़ा वर्ग व अनुसूचित जाति के सभी उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को बुलाया गया है।
संयुक्त निदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. सुनीति आर. मिश्रा ने बताया कि कुल 16 सीटों की स्थिति साफ हो सकी है। इनमें से 14 की जानकारी डीजीएमई की वेबसाइट पर है।
इसमें रूरल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज सैफई में एमडी एनेस्थीसिया की एक सीट अनुसूचित जाति, एमएस एएनएटी की गोरखपुर में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) की एक, झांसी में एक अनारक्षित, केजीएमयू लखनऊ में सामान्य की एक सीट है।
केजीएमयू में एमएस ईएनटी की एक अनारक्षित, एमएस गायनकोलॉजी और एमएस ऑप्थमोलॉजी की एक-एक सीट अनुसूचित जाति निशक्त वर्ग के लिए है।
इसके अलावा एमडी फिजियोलॉजी की दो सीटें अनारक्षित और एमडी रेडियोथेरेपी की एक अनारक्षित सीट पर प्रवेश के लिए जोर आजमाइश रहेगी।
सैफई में ओबीसी निशक्त की एक सीट, एसजीपीजीआई में एमडी ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन में अनुसूचित जाति की एक सीट का आवंटन किया जाएगा।
इसके अलावा रूरल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज सैफई में एमएस गाइनकोलॉजी और रानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज झांसी में एमडी मेडिसिन की एक-एक सीट को काउंसलिंग में शामिल होने की उम्मीद है।
डॉ. सुनीति आर. मिश्रा ने बताया कि काउंसलिंग शुरू होने से पहले कई और सीटों को काउंसलिंग में शामिल किया जा सकता है।
ये सीटें किस विषय और किस संस्थान की हैं, इसकी स्थिति काउंसलिंग शुरू होने से पहले ही साफ हो पाएगी।
उन्होंने बताया कि प्रांतीय चिकित्सा सेवा संवर्ग कोटे की 51 सीटों को सेकंड काउंसलिंग में शामिल नहीं किया जा रहा है। शासन से कोई दिशा-निर्देश न मिलने के कारण ये फैसला किया गया है।