हजरतगंज क्षेत्र में लोकभवन से बुधवार शाम एक समीक्षा अधिकारी वीरेंद्र वर्मा के अपहरण की सूचना से हड़कंप मच गया। इलाके में नाकाबंदी के साथ दो थानों की टीम लेकर क्षेत्राधिकारी अभय कुमार मिश्रा मौके पर पहुंचे। वीरेंद्र लोकभवन परिसर में ही मिल गए। पता चला कि लेनदेन के विवाद के चलते तीन व्यक्ति उन्हें रोककर तगादा कर रहे थे।
क्षेत्राधिकारी ने बताया कि जानकीपुरम निवासी वीरेंद्र वर्मा के पुत्र डॉ. हिमांशु बुधवार को पिता को लेने लोकभवन पहुंचे थे। गेट के पास से वीरेंद्र लापता हो गए। कॉल रिसीव न होने पर हिमांशु ने परिचितों को जानकारी दी।
कई लोगों ने पुलिस कंट्रोल रूम फोन करके समीक्षा अधिकारी के अपहरण की सूचना दे दी। उनके मोबाइल का लोकेशन लोकभवन के आसपास था। चौराहों पर नाकाबंदी के साथ तलाश शुरू की गई। वह परिसर में मिल गए।
पता चला कि रामू नामक व्यक्ति से लेनदेन का विवाद था। रामू ने दो साथियों की मदद से उन्हें रोककर तगादा किया। नेटवर्क समस्या के चलते हिमांशु का अपने पिता से संपर्क नहीं हो सका। उसने अपहरण की सूचना दे दी।