लखनऊ। मुनाल संस्था की ओर से बुधवार को वजीर हसन रोड स्थित बुद्ध बसंती सभागार में पेशावर कांड के महानायक वीर चंद्र सिंह गढ़वाली की स्मृति में गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता करते हुए विक्रम बिष्ट ने कहा, 23 अप्रैल 1930 को हवलदार मेजर चंद्र सिंह गढ़वाली के नेतृत्व में रॉयल गढ़वाल राइफल्स के जवानों ने भारत की आजादी के लिए लड़ने वाले निहत्थे पठानों पर गोली चलाने से मना कर दिया था। चंद्र सिंह गढ़वाली को भारतीय इतिहास में पेशावर कांड के नायक के रूप में याद किया जाता है।
मुख्य अतिथि अधिवक्ता रेखा सिंह ने उन्हें उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की शान बताया। साहित्यकार मोहन सिंह बिष्ट ने उनकी आदमकद मूर्ति की स्थापना करने की मांग रखी, जिस पर सभी वक्ताओं ने सहमति दी। अवसर पर यशभारती ऋचा जोशी, परमा जौहरी, सुनील सक्सेना, पूरन सिंह, चंद्र मोहन पंत और बलबन सिंह आदि मौजूद रहे।