उन्होंने कहा कि लखनऊ में जो मस्जिद बनेगी वह आक्रांता बाबर के नाम पर नहीं, बल्कि खुदा व इस्लाम के अनुसार बनेगी, इसको लेकर हिंदू-मुस्लिमों में सहमति लगभग बन चुकी है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बचाव करते हुए कहा कि राज्यसभा में भाजपा का बहुमत नहीं होने के कारण अध्यादेश लाना व्यावहारिक नहीं है।