कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने शनिवार को जब शहर के रामलीला मैदान में यूपी में लोकसभा चुनाव प्रचार का बिगुल फूंकना जब शुरू किया, तो फिर वह रुके नहीं।
उन्होंने जनता का विश्वास जीतने के लिए सबसे पहले यूपीए सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा आरटीआई को सबसे बड़ा कदम बताया।
बताते चलें कि कांग्रेस ने रैली को ऐतिहासिक बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी। सभी फ्रंटल संगठनों के अध्यक्षों और ब्लॉक अध्यक्षों को भीड़ जुटाने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। बड़े नेताओं ने बेल्हा में डेरा डाल दिया था।
लोकपाल का लिया क्रेडिट
राहुल गांधी ने यूपीए सरकार की सभी योजनाओं और नीतियों को सराहा।
उन्होंने कांग्रेस को सीधे आम जनता से जोड़ने के लिए कहा कि तमाम सारी पार्टियां लोकपाल बिल की वकालत कर रही थी। यह बिल जाने कितने सालों से लटका पड़ा था लेकिन और किसी पार्टी ने इसे पास कराने की जहमत नहीं उठाई।
सभी दलों के नेताओं ने हो-हल्ला करने के सिवाय कुछ नहीं किया। कांग्रेस ने ही इसकी जिम्मेदारी ली और इसे संसद में पास कराया।
नमो पर साधा निशाना
इस चुनावी अभियान में राहुल ने भाजपा के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा।
उन्होंने उनका नाम लिए बिना ही कहा कि कोई भी देश किसी एक व्यक्ति के भरोसे नहीं चल सकता है। जनता उसे चलाती है।
दूसरे पार्टियों के लोग सारी शक्ति अपने पास रखना चाहते हैं लेकिन कांग्रेस लोगों को शक्ति देने की वकालत करती है।
राहुल ने कहा, ये लोग नहीं चाहते हैं कि आप लोकसभा में जाएं, राजनीति में आएं, आगे बढ़ें। ये लोग आपको ऐसे ही रखना चाहते हैं। लेकिन कांग्रेस आपके हाथों में शक्ति देना चाहती है।
गुजरात को आम आदमी ने किया खड़ा
राहुल ने यह भी कहा कि जो लोग आज गुजरात के विकास की दुहाई देते फिरते हैं, उस गुजरात के विकास के पीछे आम आदमी का हाथ है।
वहां के महिलाओं और आम जनता ने उस राज्य को इस मुकाम तक पहुंचाया है, लेकिन लोग अपनी तारीफ करते हैं।
राहुल की इस चुनावी रैली में भीड़ तो थी, लेकिन लोगों को उनकी बातों में कुछ खास नयापन दिखा।