पकड़े गए आरोपियों में चार महिलाएं।
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रायबरेली जिले में महिलाओं के साथ चेन स्नेचिंग की घटनाओं को अंजाम देने वाले तमिलनाडु गैंग के छह सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में से चार महिलाएं भी शामिल हैं। पकड़े गए सदस्यों से पूछताछ में हाल में हुई चेन स्नेचिंग की घटनाओं का खुलासा हुआ है। पुुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह मंगलवार को पुलिस कार्यालय स्थित किरण हाल में मीडिया से रूबरू हुए और पकड़े गए गैंग का खुलासा किया। एसपी के मुताबिक सदर कोतवाली पुलिस और एसओजी टीम ने दक्षिणी दिल्ली के मदनागिरी डॉ. अंबेडकरनगर निवासी रोहित, आनंद, ज्योति मानकर, शांति, सुधा, आशा को गिरफ्तार किया है। मूलरूप से यह सभी तमिलनाडु प्रांत के कोयंबटूर के रहने वाले हैं, लेकिन इस समय दिल्ली में अपना ठिकाना बनाए हुए हैं। इन आरोपियों के पास से चार सोने की चेन, पांच सोने की अंगूठी समेत 10 लाख कीमत के जेवरात और एक एसयूवी बरामद हुई है।
पकड़े गए आरोपियों ने 13 फरवरी को शहर क्षेत्र में कलश यात्रा के दौरान तीन महिलाओं से सोने की चेन छीन ली थी। तीन फरवरी को उन्नाव रोड पर रेल कोच फैक्टरी के पास दो घरों से चोरी की घटना को भी अंजाम दिया था। चार दिसंबर 2024 को प्रगतिपुरम कॉलोनी के पास एक महिला से सोने की चेन छीनी थी। एसपी के मुताबिक आरोपी महिलाओं को निशाना बनाते थे। खासकर धार्मिक स्थलों को टारगेट करते थे, क्योंकि यहां पर महिलाओं का आना जाना ज्यादा रहता था। पुलिस टीम को 20 हजार रुपये के ईनाम से पुरस्कृत किया गया है। प्रेस कान्फ्रेंस के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा भी मौजूद रहे।
सीसीटीवी कैमरे से बचने को गाड़ी पर ही बना लेती थी भोजन
एसपी के मुताबिक पकड़े गए आरोपी शातिर किस्म के हैं। खासकर महिलाएं ज्यादा होशियार हैं। महिलाएं एसयूवी में ही भोजन बनाने के साथ चाय बना लेती थी। इसके लिए भोजन बनाने वाली सामग्री के अलावा सिलेंडर की व्यवस्था थी। उन्हें भ्रम रहता था कि यदि किसी होटल में भोजन करेंगे तो सीसीटीवी कैमरे में कैद हो जाएंगे और पुलिस उन तक पहुंच जाएगी। आरोपी महिलाएं ई-रिक्शा पर बैठती थीं और उस पर सवार महिलाओं से दोस्ती बनाती थी और फिर उनका बैग या फिर सोने की चेन छीन लेती थीं। इसके बाद एसयूवी सवार उनके साथी आ जाते थे। इस पर आरोपी महिलाएं उन पर बैठकर भाग निकलती थी। मुखबिर की सूचना और सर्विलांस के जरिए इस गैंग के सदस्यों को पकड़ने में कामयाबी मिली। जिले में काफी से सक्रिय थी।
हिंदी बोलने में हैंं माहिर
पकड़े गए आरोपी वैसे तो तमिलनाडु के रहने वाले हैं, लेकिन यह सब हिंदी बोलने में माहिर हैं। खासकर महिला आरोपी। यही वजह थी कि काफी समय से यह जिले में सक्रिय रहकर घटनाओं को अंजाम दे रही थीं। पीड़ित महिलाएं भी आसानी से उनका शिकार हो जाती थीं। एसपी के मुताबिक पकड़े गए आरोपी रायबरेली के अलावा अन्य जिले में भी सक्रिय थे। अन्य किन जिलों में घटनाओं को अंजाम दिया है, इसकी पड़ताल कराई जा रही है।