यूपी अब 700 नए राजकीय हाईस्कूल खोलने का प्रस्ताव केंद्र को भेजेगा।
ये स्कूल 36 अल्पसंख्यक और अनुसूचित जाति बहुल जिलों में खुलेंगे। राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के तहत इन जिलों का नया प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है।
दो नक्सल प्रभावित जिले भी शामिल किए गए हैं। पहले भेजा गया कुल 1396 हाईस्कूलों का प्रस्ताव केंद्र ने खारिज कर दिया था। यूपी ने पहले 1396 नए राजकीय हाईस्कूल खोलन का प्रस्ताव केंद्र को भेजा था।
केंद्रीय मानव संसाधन मंत्रालय के अधिकारियों के साथ सोमवार को हुई राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान की बैठक में यह प्रस्ताव खारिज कर दिया गया था।
इसकी वजह यह बताई गई कि पिछले तीन साल में जो कॉलेज खुले उनमें यूपी ने शिक्षक नियुक्त नहीं किए। विद्यालय भवनों का काम भी अधूरा है।
पहले शिक्षकों की भर्ती हो तब नए स्कूलों के लिए बजट मिलेगा। यूपी के अधिकारियों ने अल्पसंख्यक और अनुसूचित जाति-जनजाति बहुल जिलों में स्कूल खोलने की दलील दी जिसे केंद्र ने मान लिया।
इसके लिए यूपी से नया प्रस्ताव मांगा गया था। वहां से लौटते ही माध्यमिक शिक्षा सचिव जितेंद्र कुमार ने राज्य परियोजना निदेशक से नया प्रस्ताव मांगा।
अब 700 नए स्कूल खोलने का प्रस्ताव है। राज्य सरकार ने जो नए स्कूल खोलने के प्रस्ताव किए हैं उनमें 36 जिले शामिल हैं।
इनमें 21 अल्पसंख्यक और 23 अनुसूचित जाति बहुल जिले हैं। इनमें कई ऐसे हैं जो अल्पसंख्यक और अनुसूचित जाति बहुल दोनों में हैं।
इसके अलावा दो नक्सल प्रभावित जिले चंदौली और सोनभद्र लिए गए हैं। यह प्रस्ताव माध्यमिक शिक्षा सचिव जितेंद्र कुमार को भेज दिया गया है। जल्द ही इसे केंद्र को भेजा जाएगा।