भाई राहुल गांधी के अमेठी में चुनाव प्रचार के दौरान प्रियंका वाड्रा ने कहा कि पिता राजीव गांधी की तरह राहुल की सोच भी दूरदर्शी है।
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जगदीशपुर में शनिवार को आयोजित सभा में उन्होंने कहा कि मेरे पिता ने दूरसंचार क्रांति की बात की तो तंग नजरिए वाले लोगों ने उनकी खूब आलोचना की लेकिन आज उसका नतीजा सबके सामने है।
राहुल ने भी अपने दस साल के कार्यकाल में बहुत सारे काम किए। 2002 में मैने अमेठी के मुंशीगंज और गौरीगंज में महिला स्वयं सहायता समूहों की शुरुआत की।
राहुल ने इसे पूरे अमेठी के साथ रायबरेली और प्रदेश में विस्तार दिया। आज अमेठी, रायबरेली और बुंदेलखंड की 12 लाख महिलाएं इससे जुड़ी हैं। राहुल गांधी के प्रयास से अमेठी में दुग्ध क्रांति आई।
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राहुल ने किया शिक्षा में सुधार
शिक्षा के क्षेत्र में ट्रिपल आईटी, राजीव गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ पेट्रोलियम एवं टेक्नोलॉजी, केंद्रीय विद्यालय, नवोदय विद्यालय दिए।
इंदिरा गांधी उड्डयन अकादमी फुरसतगंज का विस्तार किया। राहुल ने अमेठी को देश से जोड़ा।
सात राष्ट्रीय राजमार्ग बनवाने के साथ ही पीएमजीएसवाई के जरिए कई संपर्क मार्ग बनवाए। बहुत सी ट्रेनें आज अमेठी से होकर गुजरती हैं।
जगदीशपुर में प्रस्तावित मेगा फूड पार्क के निर्माण से किसानों को उनकी उपज का वाजिब दाम मिलेगा।
अमेठी से दिल का रिश्ता
प्रियंका वाड्रा ने कहा कि अमेठी हमारे पिता की कर्मभूमि रही है। यहां से हमारा दिल का रिश्ता है। आपने इतना प्रेम न दिया होता तो हम आपके सामने न खड़े होते। आपके बिना हमारी कोई हैसियत नहीं।
पिता की मौत के बाद पहली बार मैं 1999 में यहां आई थी। मां के चुनाव का काम संभाला था। 2004 में मां का काम देखने के लिए रायबरेली जाना पड़ा तो रोते हुए गई।
1999 से 2004 तक के बीच यहां जितने लोग मेरे दोस्त बन गए उतने आज भी पूरे देश में नहीं हैं।
सुनी ग्रामीणों की समस्या
कमरौली के बाद प्रियंका वाड्रा सिठौली होते हुए बनभरिया पहुंची तो ग्रामीणों ने उनसे अपनी समस्या बताई।
पूर्व प्रधान जाहिद रजा खां, जिला पंचायत सदस्य सबूर अहमद, पूर्व प्रधान मो. इलियास, बेचू खां, डॉ. राजेंद्र प्रसाद की अगुवाई ग्रामीणों ने प्रियंका को बताया कि बनभरिया से चांदगढ़ तक नौ सौ मीटर सड़क 15 साल में भी नहीं बन सकी है।
औद्योगिक क्षेत्र से सटे इस गांव के लोग बिजली के लिए तरस रहे हैं। यहां बिजली आपूर्ति तिलोई के मोहनगंज से की जाती है।
बिजली आपूर्ति औद्योगिक क्षेत्र से होनी चाहिए। प्रियंका ने ग्रामीणों को निराकरण का भरोसा दिलाया।