रिश्वत मांगने के आरोपी पुलिसकर्मियों समेत पांच को दो साल की सजा
लखनऊ। लूट के आरोपी की गिरफ्तारी करने गई पुलिस पार्टी के प्राइवेट वाहन के ड्राइवर से रिश्वत मांगने के आरोपी ट्रैफिक पुलिस के सिपाही राम रक्षा शर्मा, भारत सिंह होमगार्ड प्रदीप कुमार गुप्ता, गिरीश अवस्थी और ओम प्रकाश शुक्ला को दोषी ठहराकर भ्रष्टाचार निवारण के विशेष जज हरेन्द्र बहादुर सिंह ने दो-दो वर्ष के कठोर कारावास व 20-20 हजार के जुर्माने से दंडित किया है।
कोर्ट में सरकारी वकील ने तर्क दिया कि नाका थाने के दरोगा राजकुमार सिंह ने 24 मार्च 2003 को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह लूटके आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए प्राइवेट टाटा सूमो गाड़ी से पुलिस पार्टी के साथ मवैया गए थे। जहां से वापस आते समय रास्ते में बाबा लॉन्ज के पास आरोपी पुलिसकर्मी खड़े थे जिन्होंने सूमो गाड़ी को सवारी गाड़ी समझकर रोका। चालक से दो सौ रूपये की मांग की जिसपर ड्राइवर अरूण कुमार ने बताया कि सवारी गाड़ी की जगह पुलिस पार्टी है। इस पर आरोपी भागने लगे जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था।